मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंप दोहराई मांगें हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। ग्राम पंचायत सरपंचों का मानदेय पन्द्रह हजार रुपए प्रतिमाह करने सहित सात सूत्री मांगों को लेकर ग्राम पंचायतों पर तालाबंदी कर सरपंच आंदोलन की राह पर हैं। मांगों को लेकर प्रदेश भर की ग्राम पंचायतों के सरपंचों ने 15 मई को जयपुर स्थित मुख्यमंत्री निवास का घेराव करने की घोषणा की है। इस संबंध में गुरुवार को हनुमानगढ़ जिले की ग्राम पंचायतों के सरपंचों ने सरपंच संघ जिलाध्यक्ष नरेन्द्र सहारण के नेतृत्व में जिला परिषद के एसीईओ को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। सरपंच संघ जिलाध्यक्ष नरेन्द्र सहारण ने बताया कि सरपंचों की ओर से 20 अप्रैल से ग्राम पंचायतों पर तालाबंदी कर कार्य बहिष्कार किया जा रहा है। सरपंच संघ की ओर से अपनी मांगों को मनवाने के लिए राज्य सरकार को समय-समय पर ज्ञापन प्रेषित किए गए। उच्चाधिकारियों से वार्तालाप भी हुई परन्तु सरकार की हठधर्मिता के कारण ग्राम पंचायतों के साथ शोषण हो रहा है। उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायत विकास की प्रथम कड़ी है। ग्राम पंचायतों के अधिकारों में कटौती की जा रही है। इससे ग्राम पंचायतों के सरपंचों में भारी रोष व्याप्त है। मुख्यमंत्री के नाम सौंपे गए ज्ञापन में खाद्य सुरक्षा में नाम जोड़ने व प्रधानमंत्री आवास का पोर्टल खोलने, राज्य वित्त आयोग 2022-2023 की बकाया करीब तीन हजार करोड़ रुपए की दोनों किश्तें शीघ्र पंचायतों के खाते में हस्तांतरित करने, पन्द्रहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की करीब पन्द्रह सौ करोड़ रुपए की राशि जारी करने, पन्द्रहवें केन्द्रीय वित्त आयोग के मद के लिए ग्राम पंचायतों की ओर से बनाए जा रहे वार्षिक प्लान में लगाई गई पाबंदियां हटाकर पूर्व की भांति शिथिलता प्रदान करने, मनरेगा में आॅनलाइन हाजरी के माध्यम से श्रमिकों के नियोजन एवं उपस्थिति में आ रही समस्याओं के समाधान के संबंध में हाजरी आॅफलाइन करने की अनुमति प्रदान करने, मनरेगा योजना में सामग्री मद मांग के भुगतान प्रत्येक तीन माह में करने व सभी बिलों में मनरेगा प्रावधानों अनुसार पक्के कार्यों की स्वीकृतियों के प्रस्ताव प्रेषित करने की पन्द्रह दिन की समय अवधि में जारी करने तथा बकाया भुगतान शीघ्र जारी करने, ग्राम पंचायत सरपंचों का मानदेय पन्द्रह हजार प्रतिमाह करने एवं वार्ड पंच का बैठक भत्ता पांच सौ रुपए करने की मांग की गई।