चित्तौड़।
भारत एक ऐसा देश है, जहां गाय को माता के रूप में पूजा जाता है, लेकिन चित्तौड़गढ़ जिले में एक नि:संतान दंपती ने गाय को बेटी बनाकर उसका कन्यादान किया। गाय और नंदी की इस शादी में हर रस्म धूमधाम निभाई गई। इस विवाह में दंपती ने कुल सात लाख रुपये खर्च किए।
इस अनोखे विवाह समारोह में शामिल होने के लिए दूर-दूर से मेहमान आए। मेहंदी और हल्दी की रस्में हुईं। गाजे-बाजे के साथ बिंदौली निकाली गई, गाय और नंदी के फेरे हुए, जिसमें पंडित ने मंत्र पढ़कर विवाह की रस्म को पूरा किया। गाय और नंदी की शादी की पूरे इलाके में चर्चा के साथ धार्मिक माहौल बन गया है। पंडित सत्यनारायण सुखवाल ने मंत्र पढ़े और अग्नि को साक्षी मानकर गाय और नंदी ने बाकायदा 7 फेरे लिए।