जुलाई में कार्यवाही के दौरान मिले खाद्य पदार्थों के 13 नमूने अमानक व मिस ब्राण्ड
by seemasandesh
न्यायालय में वाद प्रस्तुत करने की कार्यवाही शुरू हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के तहत जिले में जुलाई माह में कार्यवाही जारी रही। जुलाई में 13 खाद्य नमूने अमानक पाए गए। इनमें से 2 पनीर, 1 दही, 1 दूध, 1 लाल मिर्च पाउडर, 6 घी के नमूने अमानक एवं आयरन सिरप के 2 नमूने मिसब्राण्ड पाए गए हैं। अमानक नमूनों में गोलूवाला मण्डी से लिए गए घी-तेल के सभी 6 नमूने अमानक पाए गए हैं। सीएमएचओ डॉ. ओपी चाहर ने बताया कि गोलूवाला मण्डी के नमूनों में मैन पाल वर्मा से वेजीटेबल आॅयल, गौरव ट्रेडर्स से हरियाणा फ्रेश घी, मित्तल मार्ट से माखनवाला ब्राण्ड घी, सुपर बाजार ट्रेडिंग कम्पनी से ग्वाला कृष्णा ब्राण्ड घी, गोरधनपाल पवन कुमार से गोकुल ब्राण्ड घी एवं चिरंजीलाल प्रवीण कुमार से लिए गए श्रद्धा ब्राण्ड घी के नमूने जांच में सब स्टैण्डर्ड पाए गए हैं। हनुमानगढ़ जिला मुख्यालय पर सलाटा स्वीट्स से पनीर, माहेश्वरी स्वीट हाऊस से पनीर, सिंगला होटल एवं रेस्टोरेंट से दही के नमूने तथा नोहर में सुदर्शन डेयरी से दूध एवं प्रियंका वैरायटी स्टोर से लाल मिर्च के नमूने अमानक पाए गए हैं। सीएमएचओ डॉ. चाहर ने बताया कि संबंधित के विरुद्ध नियमानुसार सक्षम न्यायालय में वाद प्रस्तुत करने की कार्यवाही प्रारम्भ कर दी गई है। निरीक्षण दल में खाद्य सुरक्षा अधिकारी रफीक मोहम्मद, खाद्य सुरक्षा अधिकारी सुदेश गर्ग एवं खाद्य सुरक्षा अधिकारी संदीप कुमार शामिल रहे। जुलाई से पूर्व माह के 20 चालान प्रस्तुत खाद्य सुरक्षा अधिकारी रफीक मोहम्मद ने बताया कि मुख्यमंत्री की फ्लैगशिप योजना शुद्ध के लिए युद्ध अभियान के तहत माह जुलाई 2023 में पूर्व में अमानक पाए गए खाद्य सामग्री के नमूनों के संबध में संबंधित खाद्य व्यवसायियों के विरूद्ध अतिरिक्त जिला कलक्टर के समक्ष 20 चालान प्रस्तुत किए गए हैं। अमानक पाए गए खाद्य सामग्री के नमूनों में दही, पनीर एवं दूध के नमूने बहुत अधिक हैं। नमूना एकत्रीकरण का विशेष अभियान आज से सीओ-आईईसी मनीष शर्मा ने बताया कि आयुक्तालय खाद्य सुरक्षा एवं औषधि नियंत्रण विभाग जयपुर के आदेशानुसार जिले में 1 अगस्त से 30 सितम्बर तक खाद्य तेल एवं घी के नमूना एकत्रीकरण का विशेष अभियान संचालित किया जाएगा। अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा दल के निरीक्षण दल की ओर से निर्माण इकाई से लेकर ग्रामीण क्षेत्र तक बिक्री के सभी स्त्रोत का गहन निरीक्षण कर बिकने वाले घी एवं तेल के नमूने लेकर जांच के लिए लैब भिजवाए जाएंगे। अभियान के दौरान दो माह में लगभग 200 खाद्य नमूने घी, तेल के एकत्रित करने का संभावित लक्ष्य दिया गया है।