वेलिंगटन (वार्ता). दक्षिण अफ्रीका ने बुधवार को रोमांचक ग्रुप जी मैच में इटली को 3-2 से हराकर पहली बार फीफा महिला विश्व कप के सुपर-16 के लिए क्वालीफाई किया।
यह टूनार्मेंट के इतिहास में दक्षिण अफ्रीका की पहली जीत भी थी। वेलिंगटन रीजनल स्टेडियम पर अपनी टीम को यह ऐतिहासिक विजय दिलाने के लिए हिल्दाह मगैया (67वां मिनट) और थंबी गाटलाना (90+2) ने एक एक गोल किया। इटली की बेंडेटा आॅर्सी ने एक आत्मघाती गोल दागकर दक्षिण अफ्रीका की जीत में योगदान दिया। इटली के दोनों गोल एरियाना कारुसो (11वां, 74वां मिनट) ने किए।
कारुसो ने 11वें मिनट में पेनल्टी पर गोल जमाकर इटली को शुरूआती बढ़त दिलाई, लेकिन दक्षिण अफ्रीका ने जल्द ही लगातार हमलों के जरिए वापसी की।
मैच के 32वें मिनट में आॅर्सी के आत्मघाती गोल के बाद दक्षिण अफ्रीका ने हाफ टाइम में बराबरी के साथ प्रवेश किया।
दूसरे हाफ में इटली ने वापसी का प्रयास किया, लेकिन एक दर्शनीय बैकपास की सहायता से मगैया अफ्रीकी टीम को 2-1 से आगे कर दिया।
कारुसो ने 74वें मिनट में गोल जमाकर इटली की कुछ उम्मीदें जगायीं लेकिन संयुक्त प्रयास की बेहतरीन मिसाल कायम करते हुए दक्षिण अफ्रीका ने अंतिम क्षणों में गाटलाना के गोल से जीत हासिल की।
दक्षिण अफ्रीका की कोच देसरी एलिस ने भावुक आंखों से कहा, ह्लवे योद्धाओं की तरह लड़ीं। वे उन नायिकाओं की तरह लड़ीं जो हम उन्हें मानते हैं। उन्होंने न सिर्फ विश्व कप में हमारी पहली जीत हासिल करके इतिहास रचा है, बल्कि सुपर 16 में पहुंचकर भी इतिहास रचा है जो बेहद आश्चर्यजनक है।ह्व
नाइजीरिया (1999, 2019, 2023) और कैमरून (2015,2019) के बाद दक्षिण अफ्रीका फीफा महिला विश्व कप के नॉकआउट के लिए क्वालीफाई करने वाली तीसरी अफ्रीकी टीम बन गई है।
दिन के अन्य ग्रुप जी मुकाबले में, स्वीडन ने अर्जेंटीना को 2-0 से हराकर ग्रुप की शीर्ष टीम के रूप में सुपर 16 में प्रवेश किया।