जोधपुर
पेट्रोल में एथेनॉल मिलाने का फैसला अब लोगों पर भारी पड़ने लगा है। दरअसल, एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल थोड़े से पानी के संपर्क में आते ही अपनी संरचना बदल लेता है। पेट्रोल में जितनी मात्रा में एथेनॉल मिला होता है वो पानी बन जाता है। जोधपुर के एक पंप में ऐसी ही समस्या सामने आई है। जहां पंप के टैंक में सीवरेज का पानी चला गया। इससे पेट्रोल में मिला एथेनॉल पानी बन गया। टैंक में नीचे बैठ गया। तेल भराने के दौरान यह इंजन में प्रवेश कर गया। जोधपुर में एक पंप पर यह समस्या सामने आई। कुछ लोगों की बाइक खबरा हुई मामले का खुलासा हुआ। इसके बाद लोगों ने जमकर विरोध प्रदर्शन भी किया।
दरअसल, जोधपुर में दो दिन पूर्व सांघी पेट्रोल पंप पर देर रात लोगों ने पेट्रोल में पानी मिलाने का आरोप लगाया था। बाद में भारत पेट्रोलियम के अधिकारियों व पुलिस ने समझाइश कर लोगों को शांत किया। पेट्रोल में पानी मिलाने के मामले की तहकीकात में एथेनॉल की बात सामने आई। पेट्रोल में इन दिनों मिलाया जा रहा एथेनॉल का पानी बन गया।
भारत पेट्रोलियम के सेल्स मैनेजर अमित कुमार का कहना है कि एथेनॉल की प्रोपर्टी ही कुछ ऐसी है कि यह पानी के संपर्क में आने के थोड़ी देर बाद पानी का रूप धारण कर लेता है। इसके पानी का रूप लेते ही इंजन या टैंक में नीचे बैठ जाता है। जो इंजन में घुसकर नुकसान पहुंचाता है। सांघी पेट्रोले पंप की जांच में गुरुवार को खुलासा हुआ कि सीवरेज लाइन का पानी थोड़ी मात्रा में भूमिगत टैंक में प्रवेश कर गया। इस कारण लोगों को दिक्कतों का सामना करना पड़ा। अब इस समस्या को दूर किया जा रहा है।
यह है ध्यान देने योग्य बातें
अमित कुमार का कहना है कि बारिश के मौसम में अमूमन यह दिक्कत सामने आ सकती है। बारिश के दौरान अधिकांश बाइक्स के ऊपर की तरफ बने फ्यूल टौंक में पानी जाने की आशंका बनी रहती है। ऐसे में आवश्यक है कि वाहन की सर्विस कराते समय पेट्रोल टैंक को भी पूरी तरह से साफ कराया जाए। वहीं, कंपनी की तरफ से भी एथेनॉल की समस्या से निजात पाने को कुछ कदम उठाए गए है। कंपनी का दावा है कि भूमिगत टैंक में एथेनॉल के पानी मिलते ही कंपनी को सूचना मिल जाएगी। इसके साथ ही वहां से पेट्रोल की आपूर्ति स्वत: ही बंद हो जाएगी। उनका दावा है कि यह समस्या शहर के एक पेट्रोल पंप पर ही सामने आई है। लेकिन एथेनॉल मिश्रित पेट्रोल के कारण सभी लोगों को कुछ अतिरिक्त सावधानी बरतने की आवश्यकता है।
गन्ने के रस से बनता के एथेनॉल
एथेनॉल गन्ने के रस से बनता है और अगर इसे पेट्रोल में पानी मिल जाए और वह पेट्रोल पानी के संपर्क में आए तो पेट्रोल में मिला पूरा इथेनॉल पानी बन जाएगा। एथेनॉल भविष्य का एक बेहद ही महत्वपूर्ण तत्व है। जो हमारे वाहनों, प्रदूषण और इसके इस्तेमाल से होने वाले फायदे से जुड़ा हुआ है। यही कारण है कि इन दिनों सरकार और ऑटो-मोबाइल सेक्टर के साथ ही पूरी दुनिया में यह खासतौर से चर्चा का विषय है। भारत सरकार ने साल 2025 तक पेट्रोल में करीब 20 प्रतिशत एथेनॉल के मिश्रण का लक्ष्य रखा है।
एक तरह का अल्कोहल है एथेनॉल
एथेनॉल दरअसल एक तरह का अल्कोहल है, जिसे वाहनों के पेट्रोल में मिलाकर गाड़ियों में फ्यूल की तरह इस्तेमाल किया जा सकता है। इसका प्रोडक्शन गन्ने की फसल से होता है, लेकिन शर्करा वाली कई अन्य फसलों से भी इसे तैयार किया जा सकता है।