जयपुर
जयपुर में आमागढ़ प्रकरण को लेकर शुक्रवार को युवा आक्रोश रैली निकाली गई। दोपहर एक बजे सांसद किरोड़ीलाल मीणा आदर्श नगर स्थित सूरज मैदान पहुंचे। वहां से एक बड़ी रैली निकालकर जयपुर पुलिस कमिश्नरेट के लिए कूच किया। रैली में मीणा समाज सहित विभिन्न सामाजिक संगठनों के सैंकड़ों की संख्या में युवाओं ने हिस्सा लिया। करीब पांच किलोमीटर लंबी इस रैली में सामाजिक एकजुटता के नारे लगे। साथ ही, निर्दलीय विधायक रामकेश मीणा के खिलाफ भी नारेबाजी की गई।

युवा आक्रोश रैली में किरोड़ीलाल मीणा
ऐतिहासिक धरोहरों पर कब्जे हटवाए सरकार
पुलिस कमिश्नरेट में कमिश्नर को ज्ञापन देने से पहले किरोड़ीलाल मीणा गर्वनमेंट हॉस्टल चौराहे पर स्थित शहीद स्मारक पर ठहरे। वहां किरोड़ीलाल मीणा ने अपने संबोधन में कहा कि हम भगवा के सम्मान में सड़कों पर उतरे है। हम सरकार को जगाने के लिए आए है। हमारी ऐतिहासिक धरोहरों पर कब्जे, उनका नाम बदलने की साजिश चल रही है। हम इसका विरोध करेंगे। मंसूबों को कामयाब नहीं होने देंगे।किरोड़ीलाल ने कहा कि समाज की आड़ में कुछ नेता और भूमाफिया मिलकर सामाजिक सौहार्द और हिंदू को हिंदू के खिलाफ लड़वाने की कोशिश में है। यह एक अंतराष्ट्रीय साजिश हो सकती है।

सांसद किरोड़ीलाल मीणा की सभा में सैंकड़ों युवा रहे मौजूद, कोरोना गाइडलाइन की पालना नहीं हुई
निर्दलीय विधायक रामकेश मीणा की गिरफ्तारी की मांग
किरोड़ीलाल मीणा ने सभा में फिर से कहा कि मीणा आदिवासी समाज हिंदू है, हिंदू था और हिंदू ही रहेगा। जो लोग खुद को हिंदू नहीं मानते है। उसका आरक्षण खत्म कर देना चाहिए। आमागढ़ पहाड़ी पर शिव परिवार की मूर्तियां तोड़ने वाले समाज कंटक है। ऐसे फरार असामाजिक तत्वों को तत्काल गिरफ्तार करना चाहिए।
किरोड़ीलाल मीणा ने कहा कि आमागढ़ हमारे समाज का है। पुलिस ने यहां से झंडे हटा दिए। ताला लगा दिए। वहां मंदिर में प्रवेश और पूजा पर पाबंदी लगा दी। इसको तत्काल हटाया जाए। साथ ही, पिछले दिनों निर्दलीय विधायक रामकेश मीणा और उसके समर्थकों द्वारा आमागढ़ पर पहुंचकर भगवा ध्वज को हटाने और वहां तोड़फोड़ के मामले में जल्द NSA के तहत गिरफ्तारी की मांग की।

गुरुवार को सांसद किरोड़ीलाल ने मुख्य सचिव से सचिवालय में मुलाकात कर ज्ञापन सौंपा था