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जयपुर में यूजीसी-नेट के पेपर में नकल का आरोप:स्टूडेंट्स बोले-  कुछ छात्रों को मोबाइल के साथ एंट्री दी गई, पास-पास बैठकर दे रहे थे पेपर

जयपुर. राजस्थान में भर्ती परीक्षाओं के बाद अब यूजीसी नेट की परीक्षा में भी नकल के आरोप लगे है। दरअसल, शुक्रवार को जयपुर के बरकत नगर स्थित नितिन गर्ल्स स्कूल में यूजीसी नेट की परीक्षा आयोजित की जा रही थी। एग्जाम देने पहुंचे कुछ स्टूडेंट्स का आरोप है कि पहली पारी के पेपर के दौरान स्टूडेंट्स मोबाइल फोन के साथ एग्जाम देते नजर आए। इसका वहां मौजूद दूसरे स्टूडेंट्स ने विरोध शुरू कर दिया। इसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस की टीम ने समझाकर मामला शांत करवाया।

दरअसल, जयपुर के नितिन पब्लिक स्कूल में आज यूजीसी नेट की पहली पारी की परीक्षा सुबह 9:00 बजे शुरू होनी थी। इसके लिए स्टूडेंट्स को 7:30 से एंट्री दी जानी थी। 8:15 तक स्कूल प्रशासन ने छात्रों को एंट्री नहीं दी। इसके बाद आनन-फानन में स्कूल प्रशासन ने 8:30 बजे स्टूडेंट्स को एंट्री देकर 9:00 बजे पेपर शुरू कराया।

स्टूडेंट्स के बढ़ते विरोध के बाद मौके पर पहुंची बजाज नगर पुलिस ने समझाइश कर मामला शांत करवाया।

स्टूडेंट्स के बढ़ते विरोध के बाद मौके पर पहुंची बजाज नगर पुलिस ने समझाइश कर मामला शांत करवाया।

पेपर शुरू होने के लगभग 30 मिनट बाद सुबह 9:30 बजे छात्रों ने नकल का आरोप लगाते हुए स्कूल प्रशासन के खिलाफ विरोध शुरू कर दिया। उन्होंने कहा- पेपर के दौरान छात्रों को मोबाइल ले जाने दिया गया है। इससे वह मोबाइल के जरिए अपने सवालों का जवाब ढूंढ रहे हैं। वहीं, एग्जाम हॉल में कोई टीचर भी नहीं है। इसकी वजह से स्टूडेंट्स ग्रुप बनाकर नकल कर रहे हैं। ऐसे में पेपर रद्द किया जाना चाहिए।

नितिन पब्लिक स्कूल का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जिसमें एग्जाम हॉल में स्टूडेंट्स एक साथ बैठकर मोबाइल के जरिए पेपर सॉल्व करते नजर आ रहे हैं।

नितिन पब्लिक स्कूल का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। जिसमें एग्जाम हॉल में स्टूडेंट्स एक साथ बैठकर मोबाइल के जरिए पेपर सॉल्व करते नजर आ रहे हैं।

नकल का आरोप लगाते स्टूडेंट ने एक वीडियो भी बनाया। वीडियो सामने आते ही स्कूल मैनेजमेंट ने पेपर को रद्द करने की बात कहकर छात्रों को स्कूल से बाहर निकाल दिया। इसके बाद सुबह लगभग 11:00 बजे स्कूल प्रबंधन ने एक बार फिर छात्रों को पहली पारी का पेपर देने के लिए बुलाया। इस दौरान स्टूडेंट्स ने पूछा क्या नए सिरे से पेपर लिया जाएगा। तब स्कूल मैनेजमेंट ने पुराने पेपर को ही फिर से लेने की बात कही। इसके बाद छात्रों ने हंगामा शुरू कर दिया। इस दौरान छात्रों के विरोध को देख स्कूल मैनेजमेंट भी मौके से भाग गया। इसके कुछ देर बाद बजाज नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। विरोध कर रहे स्टूडेंट्स को बाहर निकाला।

एग्जाम देने पहुंचे स्टूडेंट्स ने पुलिस प्रशासन पर अभद्रता का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि स्कूल प्रबंधन और पुलिस द्वारा जबरदस्ती हमें धक्के बाहर बाहर निकाला गया है। इस दौरान कुछ स्टूडेंट्स को हल्की चोट भी आई।

एग्जाम देने पहुंचे स्टूडेंट्स ने पुलिस प्रशासन पर अभद्रता का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि स्कूल प्रबंधन और पुलिस द्वारा जबरदस्ती हमें धक्के बाहर बाहर निकाला गया है। इस दौरान कुछ स्टूडेंट्स को हल्की चोट भी आई।

यूजीसी नेट की परीक्षा देने पहुंची ज्योति ने बताया- आज नितिन स्कूल में एग्जाम के नाम यूजीसी के नियमों की जमकर धज्जियां उड़ाई गईं। सुबह 8:00 बजे तक स्टूडेंट्स को एंट्री दी जानी थी। एग्जाम शुरू होने के बाद भी स्कूल मैनेजमेंट ने स्टूडेंट्स को एंट्री दी। इस दौरान काफी स्टूडेंट्स के पास मोबाइल फोन भी थे। इससे वह पेपर में आए सवालों को अपने साथियों से पूछकर सॉल्व कर रहे थे। कुछ क्लास रूम में टीचर ही नहीं थे। जहां ग्रुप में बैठ पेपर सॉल्व किया जा रहा था। ऐसे में यूजीसी नेट का पेपर रद्द किया जाना चाहिए। इसके साथ ही स्कूल प्रबंधन और लापरवाह टीचर्स के खिलाफ भी कार्रवाई की जानी चाहिए।

एग्जाम देने पहुंचे स्टूडेंट्स ने यूजीसी नेट की पहली पारी का पेपर रद्द करने की मांग शुरू कर दी है।

एग्जाम देने पहुंचे स्टूडेंट्स ने यूजीसी नेट की पहली पारी का पेपर रद्द करने की मांग शुरू कर दी है।

वहीं, इस पूरे मामले के बाद स्कूल प्रबंधन ने चुप्पी साध ली है। स्कूल मैनेजमेंट ने इस मामले पर जवाब देने से इनकार कर दिया। हालांकि एग्जाम देने पहुंचे छात्रों से स्कूल मैनेजमेंट द्वारा पहली पारी का पेपर रद्द करने की बात कही गई थी।

बता दें कि नेशनल टेस्टिंग एजेंसी द्वारा देशभर में 3 से 6 मार्च तक राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा यानी यूजीसी नेट का आयोजन किया जा रहा है। इसमें सफल होने वाले उम्मीदवारों को असिस्टेंट प्रोफेसर और जूनियर रिसर्च फेलो के लिए एलिजिबल होते हैं।