Friday, May 15निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

वादाखिलाफी का विरोध, चार चरण के आंदोलन की घोषणा

  • प्रथम चरण के तहत सरपंचों ने राज्यपाल एवं मुख्यमंत्री के नाम सौंपे ज्ञापन
    हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)।
    लिखित समझौते की वादाखिलाफी एवं मांगपत्र पर आदेश जारी नहीं करने से ग्राम पंचायतों के सरपंच प्रदेश सरकार से नाराज हैं। इसके खिलाफ सरपंचों ने आंदोलन करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में गुरुवार को सरपंच संघ हनुमानगढ़ के बैनर तले क्षेत्र की ग्राम पंचायतों के सरपंचों ने जिलाध्यक्ष नरेन्द्र सहारण के नेतृत्व में राज्यपाल व मुख्यमंत्री के नाम अतिरिक्त जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान संघ जिलाध्यक्ष सहारण ने बताया कि पंचायत राज विभाग एवं सरकार की ओर से सरपंच संघ के मांग पत्र पर संघ के साथ 21 मार्च को समझौता किया गया था। सरपंच संघ के प्रतिनिधिमंडल की ओर से बार-बार आग्रह के बाद भी जिन मांगों पर सहमति बनी थी, उनके आदेश भी जारी नहीं किए जा रहे। उन्होंने बताया कि नागौर दौरे के वक्त पंचायत राज मंत्री रमेश मीणा की ओर से मनरेगा में लगाए गए अनियमितताओं एवं घोटालों के आरोपों से आहत होकर सरपंच संघ ने 5 अगस्त से 7 अगस्त तक जयपुर में महापड़ाव डाला। साथ ही सभी कार्यों का बहिष्कार आंदोलन जारी है। सरकार के साथ वार्ता भी हुई परंतु मुख्यमंत्री से वार्ता कर मुख्य मांगों पर निर्णय होना बाकी है। इन मांगों पर अभी तक कोई वार्ता या निर्णय नहीं हो पाया है। इस कारण सरपंच संघ ने राज्य सरकार का ध्यान आकर्षण करवाने के लिए अलग-अलग चरणों में आंदोलन करने का निर्णय लिया है। जिलाध्यक्ष सहारण ने बताया कि आंदोलन की पहली कड़ी में आज राज्यपाल व मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपे गए हैं। द्वितीय चरण में 4-5 सितम्बर को सभी विधायकों को ज्ञापन सौंपे जाएंगे। तृतीय चरण में 16 सितम्बर को प्रदेश कार्यकारिणी, सभी जिलाध्यक्षों एवं सभी ब्लॉक अध्यक्षों की ओर से जयपुर में शहीद स्मारक पर एक दिवसीय धरना दिया जाएगा। चतुर्थ चरण में विधानसभा घेराव एवं पंचायत राज बचाओ आंदोलन की शुरूआत की जाएगी। इस मौके पर अनिल कुमार, रोहिताश चाहर, जैकी गिल, रोहित स्वामी सहित अन्य सरपंच व सरपंच प्रतिनिधि मौजूद थे।