फर्जीवाड़ा करने वाले के विरुद्ध मुकदमा दर्ज करवाने की मांग
श्रीगंगानगर। सादुलशहर में भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में चक 37-पीटीपी के एक किसान दिनेश कुमार यादव के किसान क्रेडिट स्कीम (केसीसी) खाते से 2 लाख के फर्जी हस्ताक्षर करवा कर निकाले दिए गए। किसान को जब पता चला तो वह बैंक में खाते की पड़ताल करवाने के लिए बैंक कर्मचारियों से मिला तो उन्होंने टालमटोल कर दी। निकाली गई राशि के दिन की सीसीटीवी फुटेज दिखाने से भी इंकार कर दिया।इस बात का जब किसान संयुक्त मोर्चा के नेताओं को पता चला तो पीड़ित किसान को साथ लेकर आज बैंक के सामने प्रदर्शन कर फर्जीवाड़ा कर राशि निकालने वाले दोषी व्यक्ति खिलाफ के मुकदमा दर्ज कराने की मांग की। पीड़ित किसान को को न्याय देने का प्रदर्शन बैंक मैनेजर को ज्ञापन सौंपा।खाट सजवार के भी एक किसान पृथ्वीराज को पिछले दिनों भारतीय स्टेट बैंक में 10 प्रतिशत राशि जमा करवाने पर पूर्ण कर्ज राशि माफ किए जाने की योजना का लाभ देने का बैंक मैनेजर को उच्च अधिकारियों के नाम ज्ञापन दिया।प्रदर्शन करने वालों में अखिल भारतीय किसान सभा के तहसील अध्यक्ष कौरसिंह सिधू ,माकपा नेता पालाराम नायक, भारतीय किसान यूनियन के सचिव शिवप्रकाश सहारण, सदस्य संदीप सिंह चहल, ग्रामीण मजदूर किसान समिति (जीकेएस) के नवजोतसिंह चहल ,माकपा तहसील सचिव ताराचंद सोनी, रमनसिंह संधू आदि बड़ी संख्या में किसान शामिल रहे। कौर सिंह सिधू ने यह जानकारी देते हुए बताया कि सिर्फ भारतीय स्टेट बैंक ही नहीं सादुलशहर के अन्य बैंक भी अपनी मनमर्जी कर रहे हैं। बहुत से किसान इन बैंकों के कर्मचारियों से परेशान हैं। किसान संयुक्त मोर्चा हर वक्त किसानों के साथ है। कोई भी समस्या आने पर किसान संयुक्त मोर्चा के सदस्यों से संपर्क कर सकता है।