उदयपुर
जावर माइंस में महिलाओं की एक पूरी टीम जमीन से 1200 फीट नीचे चांदी निकाल रही हैं। दो साल पहले तक यहां जाना भी इनके लिए प्रतिबंधित था। खनिजों की रिसर्च से खनन तक इन महिलाओं के हाथ में है। ये महिलाएं तेज गर्मी, उमस, जहरीली गैसों के बीच जमीन से 1200 फीट नीचे काम करती हैं और जिंक, लेड, सिल्वर निकालती हैं। जावर के तहत मोचिया, बलारिया, जावरमाला और बरोई माइंस है। जहां 4.6% जिंक-लेड रिजर्व है। यहां से हर साल 650 से 700 टन तक चांदी निकाली जाती है।