जयपुर. जयपुर ग्रेटर नगर निगम में एसीबी ने गुरुवार को एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। जहां चीफ फायर ब्रिगेड आॅफिसर जगदीश फुलवारी को ड्राइवर क श्रवण कुमार के माध्यम से परिवादी से 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। परिवादी ने एसीबी को शिकायत दी थी की उसकी फर्म द्वारा लगाये गए अग्निशमन उपकरणों के संबंध में एनओसी जारी करने की एवज में जगदीश फुलवारी द्वारा 1 लाख रुपए रिश्वत मांगी गई थी। आरोपी पूर्व में पीड़ित से 50 हजार रुपए ले चुका है। । एसीबी एएसपी बजरंग सिंह शेखावत के निर्देशन में उनकी टीम द्वारा ट्रैप की कार्रवाई की अंजाम दिया गया।
बेटे निखिलेश को खुला रखी थी अग्निशन के उपकरणों की दुकान
एसीबी के अधिकारियों के बताया कि आरोपी जगदीश फुलवारी ने बेटे निखलेश के नाम से फायर उपकरणों की एजेंसी ली हुई हैं। जो व्यक्ति भी इन के पास एनओसी लेने के लिए आता था। वह उसे बेटे निखलेश से उपकरण खरीदने का दबाव बनाता। एसीबी को पूर्व में फुलवारी के खिलाफ कई शिकायत मिली थी। इस पर एसीबी ने पहले सत्यापन करवाया उसके बाद ट्रैप की कार्रवाई की अंजाम दिया। एसीबी रिश्वत खोर जगदीश फुलवारी के बेटे निखलेश से भी आने वाले दिनों में पूछताछ करेगी।
वर्ष 2020 से जयपुर में सीएफओ था जगदीश फुलवारी
जगदीश फुलवारी जयपुर में वर्ष 2020 से लगा हुआ हैं। प्राइवेट कम्पनी और बिल्डर को एनओजी जारी करने का काम इसी के पास था। फुलवारी ड्राइवर श्रवण कुमार के साथ मिलकर रिश्वत का यह सारा खेल चला रहा था। हालांकि एसीबी की रडार में अग्निशमन विभाग के कुछ कर्मचारी और अधिकारी भी हैं।