बसपा कार्यकर्ताओं ने एसडीएम दफ्तर के समक्ष किया प्रदर्शन
by seemasandesh
सात सूत्री मांगों को लेकर एसडीएम को राज्यपाल के नाम सौंपा ज्ञापन टिब्बी (सीमा सन्देश न्यूज)। कस्बे में बहुजन समाज पार्टी संगरिया विधानसभा इकाई के तत्वावधान में गुरुवार को विभिन्न मांगों को लेकर एसडीएम कार्यालय के समक्ष प्रदर्शन किया गया तथा सात सूत्री मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया। बसपा संगरिया विधानसभा प्रभारी विजय कुमार किलानिया व जिलाध्यक्ष महावीर सहजीपुरा के नेतृत्व में बसपा कार्यकर्ताओं और ग्रामीणों ने इंदिरा गांधी शहरी रोजगार गारंटी योजना के तहत श्रमिकों को शीघ्र रोजगार देने, श्रमिकों की मजदूरी 500 रुपए करने, तथा पूरे वर्षभर रोजगार देने, पेट्रोल-डीजल, रसोई गैस एवं खाद्य पदार्थों कै दामों में हो रही बेतहाशा वृद्धि पर अंकुश लगाने, प्रदेश में अनुसूचित जाति, जन जाति, महिलाओं, आदिवासियों, कमजोर वर्गों पर हो रहे अत्याचार, उत्पीड़न पर रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाने, खाद्य सुरक्षा योजना में भरे गए आवेदनों के पात्र लोगों को लाभान्वित करने, पाक विस्थापित नागरिकों को कागजात बनाने तथा विशेष शिविर लगाकर विधवा विधवा, वृद्धावस्था पेंशन सहित कल्याणकारी योजनाओं से लाभान्वित करने की मांग को लेकर एसडीएम संजना जोशी को राज्यपाल के नाम ज्ञापन सौंपा गया। मांगों का समाधान नहीं होने पर धरना प्रदर्शन की चेतावनी दी गई। इस दौरान हुई सभा में बोलते हुए बसपा जिलाध्यक्ष महावीर सहजीपुरा ने कहा की प्रदेश में अनूसूचित जाति जनजाति, महिलाओं, आदिवासियों पर अत्याचार की घटनाएं रुकने का नाम नहीं ले रही है। उन्होंने कांग्रेस भाजपा पर जमकर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस-भाजपा दलितों को मात्र वोट बैंक समझती है लेकिन इसकी समस्याओं की ओर कोई ध्यान नहीं है। उन्होंने कहा बसपा ही हमारे हितों की रक्षा कर सकती है। आज संविधान को बचाने की जरुरत है। विधानसभा प्रभारी विजय कुमार किलानिया ने कहा कि देश व प्रदेश में मंहगाई आसमान छू रही है। गरीब आदमी का जीवन यापन करना मुश्किल हो रहा है। भाजपा पूंजीपतियों के कर्ज माफ?कर लाभ पहुंचाने का काम कर रही है। आम आदमी मंहगाई की मार के बोझ तले दबता जा रहा है। लेकिन पैट्रोल-डीजल, रसोई गैस व खाद्य पदार्थों के दामों में बढ़ोतरी ने आम आदमी का जीना मुहाल कर दिया। जनता को ऐसी सरकार को उखाड़ फेंकने की जरूरत है। राज्य में कांग्रेस के शासन में दलितों एवं महिलाओं पर अत्याचार की घटनाएं नहीं रुक रही है। सरकार कोई ठोस कदम नहीं उठा रही है। दलित समाज के लोगों में सरकार के खिलाफ जनता में रोष पनप रहा है। इस अवसर पर दलिप बीरट, सीताराम, सुभाष सोलडा, पार्षद राम सिंह, संदीप कुमार, प्रदीप कुमार, रणवीर शर्मा, संतराम, शंकरराम बगड़ सिंह, विजय वाल्मीकि, भीमसेन, संदीप मेहरड़ा, किरण बाला, रानी, सरोज, रोशनी, संतरो, सावित्री सहित अनेक कार्यकर्ता मौजूद रहे।