इस हफ्ते शेयर बाजार में कंसॉलिडेशन का दौर चला, यानी निफ्टी में सीमित दायरे में ट्रेड हुआ। उसने इस हफ्ते 15,700 पर फ्लैट शुरुआत दी और पूरे हफ्ते 200 पॉइंट के सीमित दायरे में रहा। आमतौर पर लंबे समय तक सीमित समय तक कारोबार होने के बाद बाजार में जोरदार तेजी आती है।
सेमी कंडक्टर की कमी का असर पूरे ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री पर दिखेगा
सेमीकंडक्टर चिप की कमी की वजह से गाड़ियां बनाने वाली कंपनियों के उत्पादन में कमी आने की आशंका पैदा हुई है। इसको लेकर इस हफ्ते ऑटोमोबाइल कंपनियों के शेयरों की जोरदार पिटाई हुई। सेमी कंडक्टर की कमी का असर पूरे ऑटोमोबाइल इंडस्ट्री पर दिख सकता है।
सीमित दायरे में रह सकते हैं IT सेक्टर की कंपनियों के शेयर
IT सेक्टर की कंपनियों में सीमित दायरे में कारोबार हुआ। उनमें बना रुझान अगले हफ्ते जस-का-तस रह सकता है। अगले हफ्ते विप्रो सहित कई दिग्गज IT कंपनियों के रिजल्ट आने वाले हैं। इसलिए बाजार के खिलाड़ी उन पर दाव लगाने में सावधानी दिखा सकते हैं।
16,200 पॉइंट की तरफ बढ़ता नजर आएगा निफ्टी
अगले हफ्ते एनएसई का निफ्टी इंडेक्स अगर 15,900 पॉइंट के प्रतिरोध स्तर से ऊपर निकल जाता है, तो बाजार में तेजी का रुझान बनेगा। ऐसा होने पर निफ्टी 16,200 पॉइंट की रिकॉर्ड ऊंचाई की तरफ बढ़ता नजर आ सकता है।
अगले हफ्ते एथनॉल प्रॉडक्शन के डेटा आएंगे
बाजार की नजर शुगर कंपनियों के शेयरों पर रह सकती है। अगले हफ्ते उनके एथनॉल प्रॉडक्शन के डेटा आएंगे। इसके अलावा जोमाटो का IPO भी सब्सक्रिप्शन के लिए खुल रहा है। कंपनी के पब्लिक इश्यू को शानदार रेस्पॉन्स मिलने की उम्मीद की जा रही है।