श्रीगंगानगर। कोरोना महामारी की चपेट में आया फर्नीचर कारोबारी अभी तक उबर नहीं पाए है। इस साल फर्नीचर कारोबार को उभरने की उम्मीद थी लेकिन दूसरी लहर ने उम्मीदों पर पानी फेर दिया। जानकारी अनुसार फर्नीचर कारोबारियों को इस साल शादियों के सीजन से उम्मीद बंधी थी। अब कारोबार चलेगा जिसके चलते कई फर्नीचर कारोबारियों ने लाखों रुपये के फर्नीचर तैयार करावा लिए। परन्तु अप्रैल के शुरू में ही कोरोना की दूसरी लहर आ जाने से सारी तैयारी बेकार हो गई। शादी समारोहों के लिए गाइडलाइन जारी कर दी गई। इस वजह से शादी समारोह टाल दिए गए। कोरोना कर्फ्यू लागू होने की वजह से फिर बाजार बंद हो गया। इस वजह से फर्नीचर के शोरूम और दुकानों पर ताले लग गए। विवाह समारोहों के टलने और आर्डर निरस्त होने से फर्नीचर गोदाम में रखा माल वहीं रह गया। फर्नीचर कारोबारियों ने बताया कि कोरोना काल की शुरुआत से स्थिति खराब है। काम नहीं होने के कारण आर्थिक हालत खराब हो गई है।