लंदन
भारत और इंग्लैंड के बीच इस समय लॉर्ड्स के ऐतिहासिक क्रिकेट ग्राउंड पर 5 क्रिकेट टेस्ट मैचों की सीरीज का दूसरा मुकाबला खेला जा रहा है। चौथे दिन स्टम्प्स तक भारत ने अपनी दूसरी पारी में 6 विकेट खोकर 181 रन बनाए हैं। भारत के पास 154 रनों की बढ़त है। दिग्गज कमेंटेटर सुशील दोषी ने अपने पॉडकास्ट में कहा कि कप्तान विराट कोहली जब बड़ी पारी नहीं खेल पाते हैं तो भारतीय बैटिंग दबाव में आ जाती है। इस बार भी ऐसा ही हुआ।
फिर सामने आई विराट की कमजोरी
दोषी ने कहा कि विराट कोहली की ऑफ स्टम्प के बाहर की गेंदों को छेड़ने की कमजोरी इस सीरीज में एक बार फिर सामने आई है। विराट कई बार भूल जाते हैं कि उनका ऑफ स्टम्प कहां है। इस कारण वे कुछ मौकों पर यह तय नहीं कर पाते हैं कि गेंद को खेलना है या छोड़ देना है। उनके जल्दी आउट होने के कारण भारतीय पारी दबाव में आ गई। विराट से पहले ओपनर रोहित शर्मा और केएल राहुल भी इस बार फेल रहे।
पुजारा और रहाणे ने दबाव में खेली अच्छी पारी
दोषी ने इस पारी में धैर्यपूर्ण बल्लेबाजी करने वाले भारतीय सितारों चेतेश्वर पुजारा और अजिंक्य रहाणे की तारीफ की। उन्होंने कहा कि पुजारा ने फॉर्म में न होने के बावजूद जिस तरह का समर्पण दिखाया, वह काबिल-ए-तारीफ है। उन्होंने रन भले 45 ही बनाए, लेकिन 206 गेंदों तक एक छोर संभालकर रखा। इसी तरह रहाणे ने फिर साबित किया कि उन्हें मुश्किल परिस्थितियों का बेहतरीन बल्लेबाज क्यों कहा जाता है।
खल सकती है अश्विन की कमी
भारत ने इस मैच में इकलौते स्पिनर के तौर पर रवींद्र जडेजा को शामिल किया है। जडेजा को अच्छी बल्लेबाजी के कारण रविचंद्रन अश्विन पर तरजीह दी गई है। दोषी ने कहा कि मैच के आखिरी दिन अगर अश्विन होते तो भारत ज्यादा मजबूती से मुकाबला कर सकता था। चौथे दिन के खेल में हमने देखा कि मोइन अली ने गेंद को टर्न कराने में सफलता हासिल की और दोे विकेट भी लिए। साथ ही कुछ गेंदें ऊपर-नीचे भी रही हैं। ऐसी परिस्थितियों में अश्विन घातक साबित हो सकते थे।
225-230 रनों की बढ़त चाहिए होगी
दोषी ने कहा कि अगर भारतीय टीम इंग्लैंड को 225-230 रनों का लक्ष्य देने में सफल होती है तो मैच में अब भी बराबरी पर आ सकती है। यहां से भारतीय टीम जीत के बारे में भी सोच सकती है। इसके लिए पांचवें दिन के पहले सत्र में ऋषभ पंत को अच्छी बल्लेबाजी करनी होगी। पंत ऐसे बल्लेबाज हैं जो कुछ ही ओवरों में मैच की दिशा बदल सकते हैं।