Saturday, May 9निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

CM के नजदीकी नेताओं में टिकटों पर कलह:बद्री जाखड़ बोले- प्रभारी ने पक्षपात कर हारने वालों को टिकट दिए, जोधपुर प्रभारी रामलाल जाट बोले- मेरिट पर दिए टिकट

जयपुर

पंचायतीराज चुनाव में टिकट बांटने को लेकर कांग्रेस में अब मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के नजदीकी नेताओं में भी आपस में कलह देखने को मिल रही है। मुख्यमंत्री के गृह जिले जोधपुर में टिकट वितरण को लेकर कांग्रेस में कलह सामने आई है। गहलोत के नजदीकी नेता और पाली से पूर्व सांसद बद्री जाखड़ ने जोधपुर प्रभारी रामलाल जाट पर टिकटों में पक्षपात करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि रामलाल जाट ने नहीं जीतने वालों को उम्मीदवार बनाने और गलत ढंग से टिकट वितरण किया है। उधर प्रभारी रामलाल जाट ने आरोपों को पूरी तरह गलत बताया है।

बद्री जाखड़ ने कहा कि अशोक गहलोत की सोच है कि सबको एक राय से टिकट मिले, लेकिन प्रभारी पक्षपात कर लेते हैं। हमारे यहां प्रभारी रामलाल जाट और प्रशांत बैरवा आए थे। उन्होंने दबाव में ऐसा गलत काम किया और नहीं जीतने वालों को टिकट दे दिए। रामलालजी को सोचना चाहिए कि हमारा क्षेत्र भोपालगढ़ है। मेरे 2 जिला परिषद टिकट और 12 पंचायत समिति सदस्यों के क्षेत्र आते हैं। हमने हमारे इलाके के हिसाब से टिकट मांगे, ले​किन भोपालगढ़ क्षेत्र के सभी टिकट विधायक दिव्या मदेरणा को ​दे दिए। दिव्या मदेरणा अपना इलाका देखें, हमारे क्षेत्र में दखल नहीं दें।

नारायण बेड़ा का बेटा बीजेपी मंडल सदस्य, उनकी पत्नी को कांग्रेस का टिकट
बद्री जाखड़ ने कहा कि जिला परिषद सदस्यों के टिकटों की बानगी देखिए। नारायण बेड़ा अभी तो कांग्रेस में आए हैं, उनका बेटा आज भी बीजेपी का मंडल सदस्य है। बीजेपी के मंडल सदस्य की पत्नी को कांग्रेस का टिकट दे दिया, जबकि कांग्रेस नेता अशोक चौधरी का टिकट काट दिया। दूसरा टिकट वार्ड 23 से भी गलत दिया। कांग्रेस से बागी लड़ने वाले को टिकट दे दिया। हमारे कर्मठ और जीतने वाले नेताओं के टिकट काट दिए।

रामलाल जाट बोले- सभी टिकट मेरिट के आधार पर और सहमति से दिए
बद्री जाखड़ के आरोपों को कांग्रेस के जोधपुर प्रभारी और विधायक रामलाल जाट ने सिरे से खारिज कर दिया। रामलाल जाट ने भास्कर से कहा, बद्री जाखड़ हमारे वरिष्ठ नेता हैं, हमने सबकी सहमति से ही टिकट तय किए हैं। बद्री जाखड़ और नारायण बेड़ा ने भी टिकटों को लेकर चर्चा की है। हमने सभी टिकट मेरिट के आधार पर बांटे, अब हर टिकट में हर नेता के हिसाब से मिले यह भी संभव नहीं है। चुनाव के वक्त यह साधारण सी बात है, अब किसी की कोई नाराजगी नहीं है, सब एकजुट हैं।

बद्री जाखड़ की बेटी और पोती चुनाव मैदान में
बद्री जाखड़ की बेटी और पाली से सांसद उम्मीदवार रही मुन्नी देवी जाखड़ कांग्रेस टिकट पर वार्ड 18 से जिला परिषद सदस्य का चुनाव लड़ रही हैं। बद्री जाखड़ की पोती सोनिया जाखड़ पीपाड़सिटी के वार्ड 16 से पंचायत समिति सदस्य का चुनाव लड़ रही हैं। बताया जाता है कि बद्री जाखड़ कुछ समर्थकों और परिजनों की टिकट के लिए पैरवी कर रहे थे। अशोक चौधरी के टिकट काटने का जाखड़ विरोध कर रहे हैं। अशोक चौधरी जाखड़ के समधी हैं।

बद्री जाखड़ और रामलाल जाट दोनों गहलोत के नजदीकी, लेकिन टिकटों पर अब दोनों में लड़ाई
पूर्व सासंद बद्री जाखड़ और जोधपुर प्रभारी विधायक रामलाल जाट दोनों ही मुख्यमंत्री अशोक गहलोत खेमे के हैं, दोनों गहलोत के नजदीकी हैं। जिला परिषद और पंचायत समिति सदस्य के चुनाव में टिकट वितरण के मुद्दे पर गहलोत के नजदीकी नेता अब आपस में ही लड़ रहे हैं।

कांग्रेस में कई जगह टिकटों पर विरोध
कांग्रेस में जोधपुर के अलावा सवाईमाधोपुर, भरतपुर और जयपुर में भी टिकटों को लेकर अंदरखाने विरोध सामने आया है। सवाईमाधोपुर जिले में तो कांग्रेस विधायक अशोक बैरवा के भाई की पत्नी ने कांग्रेस से टिकट नहीं मिलने पर बागी होकर निर्दलीय ही नामांकन भर दिया था। अंदरखाने और भी बहुत जगहों पर विरोध है। कांग्रेस के सामने अब भितरघात का खतरा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *