वक्ता बोले- जिला अस्पताल से चलती है सैकड़ों घरों की रोजी-रोटी हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। जिला अस्पताल को टाउन में ही रखने की मांग को लेकर जिला अस्पताल बचाओ संघर्ष समिति के बैनर तले टाउन में एमजीएम राजकीय जिला चिकित्सालय के समक्ष चल रहे बेमियादी धरने पर मंगलवार को पांचवें दिन एम्बुलेंस यूनियन के सदस्य बैठे। धरनास्थल पर हुई सभा में समिति सदस्य बलकरण सिंह ने कहा कि जबसे हनुमानगढ़ जिला बना है तब से टाउन शहर को बर्बाद करने की साजिश रची जा रही है। पहले टाउन में सभी सरकारी कार्यालय थे लेकिन जब जिला बना एक-एक कर सभी सरकारी कार्यालय जंक्शन स्थानांतरित कर दिए गए। तब टाउन के लोगों को पीड़ा हुई लेकिन फिर भी उन्होंने धैर्य रखा। अब टाउन में बचे एकमात्र जिला अस्पताल को भी जंक्शन में स्थानांतरित किया जा रहा है। लेकिन समिति ऐसा नहीं होने देगी। इसका पुरजोर विरोध जारी रहेगा। वहीं धरने पर बैठे एम्बुलेंस यूनियन पदाधिकारियों का कहना था कि राजनेताओं से पूछा जाए कि क्या टाउन के लोग उन्हें वोट नहीं देते जिसके कारण क्षेत्र के लोगों को बेरोजगार किया जा रहा है। क्योंकि इस जिला अस्पताल से सैकड़ों घरों की रोजी-रोटी चलती है। धरने पर मौजूद नागरिकों ने कहा कि अगर जिला अस्पताल जंक्शन में बाइपास पर स्थानांतरित होता है तो टाउन के लोग आगामी चुनावों में इसका हिसाब-किताब करेंगे। समिति सदस्यों ने कहा कि जब तक राज्य सरकार जिला अस्पताल को बेस अस्पताल नहीं करती और जो पूर्व में इसके लिए योजनाएं बनाई गई हैं उन पर अमल नहीं करती तब तक यह धरना व आन्दोलन जारी रहेगा। इस मौके पर समिति के भगवान सिंह ने बताया कि 7 दिसम्बर को जन आक्रोश रैली का आयोजन किया गया है। उसकी तैयारियों को लेकर नजदीक के गांवों में जनसम्पर्क किया जा रहा है। हजारों की तादाद में नागरिक आक्रोश रैली में हिस्सा लेकर सरकार व स्थानीय राजनेताओं को बता देंगे कि टाउन के नागरीक अपने हकों के लिए लड़ना जानते हैं। उन्होंने जागरूक नागरिकों से अधिकाधिक संख्या में 7 दिसम्बर को सुबह 10 बजे धरना स्थल पर पहुंचने का आह्वान किया। धरनास्थल पर एम्बुलेंस यूनियन के रोहताश सिंह, राजवीर सिंह, जगदीश टाक, दिनेश सारस्वत, राजकुमार सोनी, अनिल कुमार, शगनलाल, हरीश, पूर्णराम आदि बैठे। इन्हें सुशील जैन, जसकरण सिंह, ओमप्रकाश, सिराजुदीन चायल, नत्थूसिंह, भूपसिंह, जयप्रकाश, कृष्णलाल, शिवकुमार ओला, महेन्द्र गर्ग, रामसिंह, सत्यनारायण, जसविन्द्र सिंह, मदन पूनिया, देवेन्द पारीक, नरेन्द्र कुमार, हरपाल सिंह राघव, भीमसिंह राघव, जितेन सहारण, वली महोम्मद ने माला पहनाकर धरने पर बैठाया। धरने पर बैठे नागरिकों ने जिला बचाओ साथ आओ, संघर्ष समिति जिन्दाबाद के नारे लगाते हुए स्थानीय राजनेताओं के खिलाफ नारेबाजी की।