उत्तराखंड के हरिद्वार और दिल्ली में धर्म संसद के दौरान दिए गए भड़काऊ भाषण पर विवाद बढ़ता जा रहा है। सुप्रीम कोर्ट के 76 वकीलों ने चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) एनवी रमणा को चिट्ठी लिखकर इस मसले पर स्वत: संज्ञान लेने की अपील की है। हरिद्वार में 3 दिन चली धर्म संसद 20 दिसंबर को खत्म हुई थी।