बैंकिंग योजनाओं के बारे में ग्रामीणों को करेंगे जागरूक
by seemasandesh
वन जीपी वन बीसी के छह दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। एसबीआई ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान की ओर से राजस्थान ग्रामीण आजीविका विकास परियोजना के तहत स्वयं सहायता समूह सदस्यों के लिए कारोबार प्रतिनिधियों के माध्यम से समावेशी बैंकिंग के लिए जारी वन जीपी वन बीसी के छह दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का समापन गुरुवार को हुआ। इस मौके पर आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता आरसेटी निदेशक सीएस परमार ने की। समापन कार्यक्रम से पूर्व आईआईबीएफ मुम्बई की ओर से प्रशिक्षणार्थियों की आॅनलाइन परीक्षा ली गई। परीक्षा में सभी 14 प्रशिक्षणार्थियों ने अव्वल प्रदर्शन कर शत प्रतिशत सफलता हासिल की। समापन कार्यक्रम को संबोधित करते हुए संस्था निदेशक सीएस परमार ने बताया कि वन जीपी मतलब एक ग्राम पंचायत एवं वन बीसी मतलब कारोबार प्रतिनिधि है। इस प्रशिक्षण का मुख्य उद्देश्य बैंक की योजनाओं से प्रत्येक ग्राम पंचायत के आमजन को जागरूक करना है। इसके लिए प्रशिक्षणार्थियों को प्रशिक्षित किया गया है। उन्होंने बताया कि बैंक की अनेकों योजनाएं हैं जो जनकल्याणकारी हैं परन्तु उन योजनाओं की जानकारी से वंचित रहने के कारण आमजन उसका लाभ नहीं ले पा रहे हैं। इसके लिए बैंक की ओर से विशेष तौर पर प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। इसमें गांवों के बीच में से कुछ महिलाओं को प्रशिक्षित किया गया है जो लोगों को उनकी भाषा के अनुसार सरल रूप से जानकारी उपलब्ध करवाकर उन्हें बैंक की योजनाओं का लाभ दिलवाएंगे। इससे ग्रामीण क्षेत्र के बैंकिंग से वंचित लोगों को बैंकिंग का लाभ मिल सकेगा। अतिथियों की ओर से प्रशिक्षणार्थियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित कर उपस्थित नागरिकों से आह्वान किया कि वह अपने क्षेत्र की ग्रामीण महिलाओं को आरसेटी के माध्यम से चलाए जा रहे विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों से जोड़ें ताकि वह अपना स्वरोजगार स्वयं कमा सक्षम बन सकें। संस्था निदेशक परमार ने बताया कि निकट भविष्य में संस्थान में महिलाओं के लिए ब्यूटी पार्लर प्रशिक्षण व वूमेन्स टेलर प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाया जाएगा। इसके लिए पंजीयन किए जा रहे हैं। इस मौके पर मनप्रीत सोनी, अनिल राठौड़, गणेशराम, रितिक अरोड़ा आदि मौजूद थे।