सूरतगढ़ सैनिक छावनी के सामने हुआ हादसा, सैनिक जवानों के प्रयास भी दोनों की जान नहीं बचा पाए
मृतक रिद्धि सिद्धि और ब्रह्म कॉलोनी निवासी
श्रीगंगानगर. नेशनल हाईवे 62 पर सूरतगढ़ सदर थाना अंतर्गत श्योपुरा कस्सी और सैनिक छावनी के सामने आज सुबह 6:45 बजे कार और बजरी ले कर जा रहे डंफर में आमने-सामने की टक्कर हो गई। कार में सवार श्रीगंगानगर के एक युवा व्यापारी और उसके मुनीम की घटनास्थल पर ही मृत्यु हो गई। हादसा होते ही छावनी से अनेक जवान दौड़कर आए। उन्होंने कार में फंसे व्यापारी और मुनीम को बचाने के प्रयास किए लेकिन सफलता नहीं मिली। हादसे के बाद डंफर को चालक छोड़कर भाग गया। मृतकों की पहचान हनुमानगढ़ मार्ग पर रिद्धि सिद्धि कॉलोनी निवासी व्यापारी जयकिशन अग्रवाल(40) और उसके मुनीम ब्रह्म कॉलोनी निवासी रविंद्रसिंह उर्फ रवि (32) के रूप में हुई है। जयकिशन अग्रवाल का यहां लकड़ मंडी रोड पर बिस्कुट, टॉफी चॉकलेट का थोक व्यवसाय है। वह मूल रूप से बीकानेर जिले में लूणकरणसर का निवासी है।यहां उसका एक और भाई भी रहता है। प्राप्त जानकारी के मुताबिक जय शकिशन अग्रवाल आज सुबह 5:30 बजे मुनीम रविंद्र को साथ लेकर बीकानेर व्यवसाय के सिलसिले में कार से जा रहा था। करीब 6:45 बजे हाईवे पर श्योपुरा कस्सी में सैनिक छावनी के गेट के बिल्कुल सामने अचानक आए एक आवारा पशु से बचने का जयकिशन अग्रवाल ने प्रयास किया तो कार सामने से आ रहे डंफर से टकरा गई। डंफर की रफ्तार भी काफी ज्यादा थी। वह कार को लगभग 100 मीटर पीछे की तरफ घसीटते ले गया। दोनों वाहनों के जोरदार टकराने की आवाज सुनकर छावनी गेट पर मौजूद जवान तथा दूसरी तरफ श्योपुरा कस्सी मार्केट के दुकानदार दौड़कर आए।लोगों ने कार में फंसे जयकिशन को तो तुरंत ही बाहर निकाल लिया। उसकी वही मृत्यु हो गई।रवि बुरी तरह से कार में फंस गया। उसे निकालने के जतन विफल हो गए। तब सैनिक जवान ही एक कटर लेकर आए। कार के हिस्से काटकर रवि को बाहर निकाला। उसकी भी मृत्यु हो गई थी। घटनास्थल पर आपातकाल सेवा 108 की एंबुलेंस पहुंची। सूरतगढ़ सदर थाना पुलिस ने बाद में दोनों मृतकों के शव पोस्टमार्टम करवाकर परिवार वालों को सौंप दिए। जयकिशन के साले मुरलीधर अग्रवाल निवासी ज्योति कॉलोनी हनुमानगढ़ द्वारा दी गई रिपोर्ट पर दुर्घटना का मुकदमा दर्ज किया गया है। जानकारी के मुताबिक जयकिशन सुबह पत्नी से कह कर गया था कि वह शाम तक वापस आ जाएगा, लेकिन दोपहर बाद उसकी लाश यहां पहुंची तो घर में कोहराम मच गया। उसकी पत्नी को हादसे के बारे में नहीं बताया गया था। जय किशन के दो बच्चे हैं।दूसरी तरफ ब्रह्म कॉलोनी निवासी रवि उर्फ रविंद्र मूल रूप से बिहार का निवासी है। उसका परिवार कई वर्षों से श्रीगंगानगर में ही रह रहा है। दोनों मृतकों का दोपहर बाद पदमपुर रोड स्थित कल्याण भूमि में अंतिम संस्कार कर दिया गया।