श्रीगंगानगर. सीमावर्ती लोगों के लिए अच्छी खबर है. केंद्र सरकार ने श्रीगंगानगर से रायसिंहनगर के लिए नेशनल हाईवे को मंजूरी दे दी है. श्रीकरणपुर होकर जाने वाले इस हाईवे से लोगों का सफर सुगम हो जाएगा. देश में राष्ट्रीय राजमार्गों (National Highways) को विकसित करने के महत्वाकांक्षी भारत माला प्रोजेक्ट में श्रीगंगानगर के समीप साधुवाली से लेकर रायसिंहनगर के भोमपुरा तक 102 किलोमीटर लंबे नेशनल हाईवे नंबर 911 को हरी झंडी मिल गई है.
इसकी कार्यकारी एजेंसी नेशनल हाईवे अथाॅरिटी ऑफ इंडिया (एनएचएआई) रहेगी. इससे पूर्व भारत माला प्रोजेक्ट के इस एनएच-911 का रायसिंहनगर से रोजड़ी तक जिले में 98 किलोमीटर हिस्सा बन चुका है. अब साधुवाली से भोमपुरा तक निर्माण पूरा होने से 200 किलोमीटर सीमा पट्टी पूरी तरह से बेहतर सड़क सुविधा से जुड़ जाएगी.
हाईवे के लिए जमीन अवाप्त, अवार्ड राशि भी जारी
एनएचएआई हनुमानगढ़ के प्रोजेक्ट डायरेक्टर सफी मोहम्मद के अनुसार इस हाईवे के लिए जो जमीन अवाप्त की गई है, उसकी अवार्ड राशि जारी कर दी गई है. संबंधित एसडीएम के माध्यम से मुआवजा राशि का वितरण होगा. अक्टूबर में टेंडर खुलने के बाद जल्द ही वर्क ऑर्डर जारी कर दिए जाएंगे और काम भी निर्धारित समय 24 महीनों में पूरा करवाने का प्रयास किया जाएगा.
दो साल में हाईवे का निर्माण पूरा करना होगा
हाईवे अधिकारियों के अनुसार एनएच विभाग ने टेंडर किए हैं जो अक्टूबर में खोले जाएंगे. दो साल में हाईवे का निर्माण पूरा करना होगा. ये नेशनल हाईवे 10 मीटर चौड़ा होगा. इस पर ट्रक व अन्य भारी माल वाहक वाहन 100 किलाेमीटर प्रति घंटा से ज्यादा रफ्तार से दौड़ सकेंगे. इस हाईवे पर 70 किलोमीटर मौजूदा सड़क को ही चौड़ा किया जाएगा. बाकी 32 किलोमीटर नई रोड बनेगी.
कस्बों के बाहर से होकर ही गुजरेंगे वाहन
नेशनल हाईवे-911 साधुवाली से श्रीगंगानगर शहर के समीप से होते हुए मिर्जेवाला फाटक, श्रीकरणपुर, गजसिंहपुर व रायसिंहनगर से होते हुए गुजरेगा. भारी वाहन श्रीगंगानगर, श्रीकरणपुर, गजसिंहपुर और रायसिंहनगर में प्रवेश न करें, इसके लिए यहां बाईपास बनेंगे. इन बाइपास की लंबाई 41.52 किलोमीटर होगी. श्रीगंगानगर बाइपास सबसे लंबा 16.134 किमी, श्रीकरणपुर बाइपास 6.840 किमी, गजसिंहपुर बाइपास 6.0 किमी और रायसिंहनगर बाईपास 12.55 किमी लंबा का होगा.
बार्डर एरिया के कस्बों में नए उद्योग पनपेंगे
फिलहाल बॉर्डर एरिया में नेशनल हाईवे नहीं था. जिले में श्रीगंगानगर से राजियासर तक नेशनल हाईवे ही बड़े शहरों को जोड़ता है. एनएच-911 से बॉर्डर एरिया में रोड कनेक्टिविटी बेहतर बनेगी. भारी माल वाहक वाहनों की आवाजाही बढ़ेगी. बॉर्डर एरिया के कस्बों में नए उद्योग पनपने की संभावना बनेगी. वर्तमान में रोड इन्फ्रास्ट्रक्चर के अभाव में यहां औद्योगिक विकास नहीं हो रहा है.