35.27 लाख रुपए की लागत से होगा शमशान भूमि का जीर्णाेद्धार
by seemasandesh
सरपंच व ग्राम विकास अधिकारी ने रखी नींव हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। ग्राम पंचायत रामसरा नारायण के गांव रामसरा की शमशान भूमि का 50 लाख रुपए की लागत से जीर्णाेद्धार किया जाएगा। इसके तहत शमशान भूमि में विभिन्न कार्य करवाए जाएंगे। मंगलवार को विधिवत रूप से नींव रखकर निर्माण कार्यांे का शिलान्यास किया गया। ग्राम पंचायत सरपंच रमनदीप कौर, ग्राम विकास अधिकारी विमला स्वामी व सरपंच प्रतिनिधि हरदीप सिंह सहित गांव के अन्य गणमान्य नागरिकों ने नींव रखी। इस मौके पर ग्राम विकास अधिकारी विमला स्वामी ने बताया कि गांव की शमशान भूमि में होने वाले कार्यांे की नींव रखी गई है। शमशान भूमि में 50 लाख रुपए का कार्य स्वीकृत हुआ है। यह कार्य मनरेगा व पंचायत की ओर से करवाए जाएंगे। यह कार्य स्वीकृत करवाने में पंचायत समिति के विकास अधिकारी छगनाराम का विशेष सहयोग रहा। उन्होंने बताया कि ग्राम पंचायत की ओर से पिछले करीब दो साल में गांव में करीब डेढ़ करोड़ रुपए के कार्य करवा दिए गए हैं। गांव में काफी सालों से जोहड़ ने गड्ढे के रूप धारण कर रखा था। जोहड़ की काफी सालों से सफाई नहीं हुई थी। जोहड़ में दस लाख रुपए की लागत से जीर्णाेद्वार करवाया गया। गांव के बस स्टैंड के पास से निकलने वाली एचएमएच नहर के पटड़े मजबूत करने के लिए सीसी ब्लॉक का कार्य करवाया गया। बस स्टैंड के जीर्णाेद्वार के साथ घर-घर स्वच्छ पेयजल पहुंचाने के लिए पाइप लाइन बिछाने का कार्य करवाया गया है। गांव की वंचित गलियों में आवश्यकतानुसार सड़कों व नालियों का कार्य प्राथमिकता में लेकर करवाया जाएगा। सरपंच पति हरदीप सिंह ने बताया कि गांव की शमशान भूमि को मॉडल शमशान घाट बनाने का प्रयास है। इसके तहत शवदाह गृह का निर्माण होगा। 40 गुणा 60 फीट का चौक बनाया जाएगा। शैड का निर्माण होगा। सीसी ब्लॉक सड़क, गार्डन, पौधरोपण, पानी की टंकी, मुख्य गेट का निर्माण सहित अन्य कार्य होंगे। उन्होंने बताया कि जोहड़ के जीर्णाेद्धार के लिए व एचएमएच नहर के पटड़े पर सीसी ब्लॉक लगवाने के लिए जल संसाधन विभाग की एनओसी ली गई। उन्होंने उम्मीद जताई कि निर्माण कार्य पूरा होने के बाद ग्राम पंचायत रामसरा नारायण का शमशान घाट अन्य ग्राम पंचायतों के लिए मॉडल बनेगा। इस मौके पर एलडीसी वीरपाल, सहायक विजय कुमार, रामसिंह, जीवन सिंह, अशोक सहारण, निहालचन्द, सुखमन्द्र सिंह, मलकीत सिंह, गेजसिंह, जगमोहन सिंह, लालचन्द, रघुवीर ओड़, धर्मसिंह, गुरमेल सिंह, भूपराम, सुखदेव सिंह, मक्खन सिंह, हरभजन सिंह, गुरलाल सिंह आदि मौजूद थे।