पहली बार राजस्व मामले भी राष्ट्रीय लोक अदालत में शामिल, लोगों ने दिखाया उत्साह हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। अदालतों में लंबित मुकदमों के शीघ्र निस्तारण के लिए राजस्थान राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जयपुर के निर्देशानुसार जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से शनिवार को प्राधिकरण अध्यक्ष एवं जिला एवं सत्र न्यायाधीश संजीव मागो के निर्देशन में न्यायालय परिसर स्थित एडीआर भवन में राष्टÑीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें वैवाहिक, पारिवारिक विवाद, मोटर वाहन दुर्घटना क्लेम, सभी दीवानी मामले, श्रम एवं औद्योगिक विवाद, पेंशन मामले, वसूली, सभी राजीनामा योग्य मामलों का राजीनामे से निस्तारण किया गया। प्रकरण में समझाइश से राजीनामा होने पर लोग खुशी-खुशी घर लौटते देखे गए। पहली बार राजस्व मामले भी राष्ट्रीय लोक अदालत में शामिल हुए। लोगों में भी अपने प्रकरणों का राजीनामा से निपटारा करवाने के लिए उत्साह नजर आया। दोपहर तक राष्टÑीय लोक अदालत में करीब 400 मामलों का राजीनामा के जरिए निस्तारण हो चुका था। इस मौके पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव एवं अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीक्ष संदीप कौर ने कहा कि राष्टÑीय लोक अदालत में न्यायिक प्रकरणों के अलावा राजस्व मामले और उपभोक्ता न्यायालय के मामलों को भी रखा गया है। उन्होंने बताया कि न्यायिक अदालत में करीब 45 हजार प्रकरण लंबित हैं। न्यायिक अदालतों में लंबित मामलों में से 13.4 प्रतिशत यानि करीब 6 हजार मुकदमों को शनिवार को राष्टÑीय लोक अदालत में रेफर किया गया। सचिव संदीप कौर ने कहा कि लोक अदालत में राजीनामा करने से पक्षकारों का समय व धन दोनों की बचत होती है। दोनों पक्षों की जीत होती है, किसी भी पक्ष की हार नहीं होती है तथा भाइचारा भी बना रहता है।