जयपुर। सरकारी तेल कंपनियों के एक फैसले से राज्य में पेट्रोल-डीजल का संकट खड़ा हो गया है। एचपीसीएल और बीपीसीएल कंपनियों ने बिना अग्रिम सूचना के भुगतान की योजना में बदलाव कर अग्रिम भुगतान योजना लागू कर दी हैं, जिसके बाद से प्रदेश के डीलरों को डिपो से माल की आपूर्ति मांग के अनुरूप नहीं मिल रही है। ऐसी स्थिति में एचपीसीएल व बीपीसीएल के बहुत से पेट्रोल पंप आपूर्ति के अभाव में ड्राई होने लग हैं। यदि डीलर्स को आपूर्ति नहीं मिलती है तो प्रदेश के अनेक पेट्रोल पंप ड्राई हो जाएंगे, जिसके कारण किसानों एवं आम लोगों को पेट्रोल-डीजल की आपूर्ति में बहुत अधिक समस्या आएगी। राजस्थान पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिशन ने इसके संबंध में सचिव, खाद्य विभाग, राजस्थान सरकार, एचपीसीएल के चेयरमेन डॉ. पुष्प जोशी एवं बीपीसीएल के कार्यकारी निदेशक पी.एस.रवि से इस समस्या का निराकरण करने का आग्रह किया है।
एक माह बाद लागू हो योजना
अभी किसानों की जुताई-बुताई का समय चल रहा है। इन दिनों प्रदेश के अन्नदाता किसानों को डीजल-पेट्रोल की अधिक आवश्कता रहती है। इसलिए कंपनी द्वारा लागू की गई अग्रिम भुगतान योजना को एक माह बाद लागू किया जाए और प्रदेश के डीलरों को उनकी मांग के अनुसार डीजल-पेट्रोल उपलब्ध करवाने व्यवस्था करवायें।
घटाई थी एक्साइज ड्यूटी
21 मई को केंद्र सरकार ने पेट्रोल पर 8 रुपये और डीजल पर 6 रुपये एक्साइज ड्यूटी कम की थी, जिसके बाद सभी शहरों में ईंधन की कीमतों में बड़ी गिरावट देखने को मिली थी।