Tuesday, May 12निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

पांचवें दिन भी डटे धरने पर, आमरण अनशन की चेतावनी

  • सभापति बोले, राजनीति भावना से प्रेरित होकर आंदोलन कर रहे ग्रामीण
    हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)।
    ग्राम पंचायत कोहला क्षेत्र में हड्डा रोडी स्थानांतरित करने के खिलाफ कोहला संघर्ष समिति के बैनर तले चल रहा ग्रामीणों का बेमियादी धरना शनिवार को पांचवें दिन भी जारी रहा। शनिवार को धरने पर बैठे ग्रामीणों ने प्रशासन और नगर परिषद के खिलाफ नारेबाजी करते हुए हड्डा रोडी को अन्यत्र स्थानांतरित न किए जाने तक आंदोलन जारी रखने की चेतावनी दी। संघर्ष समिति संयोजक लीलाधर शर्मा ने धरनास्थल पर हुई सभा को संबोधित करते हुए कहा कि नगर परिषद की ओर से गांव कोहला की जिस जमीन पर हड्डा रोडी बनाई जा रही है वह दस बीघा भूमि ग्राम पंचायत कोहला को 1952 से अलॉट हुई है। यहां से प्रशासन को हड्डा रोडी का काम तत्काल बंद करवाना चाहिए। यह हड्डा रोडी कोहला के दस हजार नागरिकों के जीवन को खतरे में डाल देगी। 2000 वर्ष पुराना बसा हुआ गांव उजड़ जाएगा। यहां के बच्चों के रिश्ते होने बंद हो जाएंगे। समिति संयोजक शर्मा ने कहा कि हम आंदोलन शांतिपूर्वक गांधीवादी तरीके से कानून के दायरे में रहकर करेंगे। अगर फिर भी पुलिस या प्रशासन गांव के नागरिकों को झूठा परेशान करेगा तो सारा गांव गिरफ्तारी दे देगा। सब एकजुट हैं। जब तक मांग नहीं मानी जाती आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने सभी ग्रामीणों से अपील की कि गांव में एक हजार घर हैं। धरने पर हर घर से रोज एक नागरिक धरने पर आएगा तो इस हड्डा रोडी को यहां से अन्यत्र स्थानांतरित करवाने में एक दिन अवश्य सफल होंगे। संघर्ष समिति के प्रवक्ता राजकुमार यादव ने आरोप लगाया कि नगर परिषद ने गलत तरीके से अपनी मनमानी करते हुए हड्डा रोडी को कोहला क्षेत्र में स्थानांतरित करवाया गया है। इसे ग्रामीण कभी भी बर्दाश्त नहीं करेंगे। संघर्ष समिति संरक्षक सदस्य हरीराम सुथार ने कहा कि अगर प्रशासन हमारी बात नहीं सुनता है तो आमरण अनशन पर बैठेंगे। इस मौके पर श्रवण गोदारा, कृष्ण ज्याणी, दुलीचंद मेघवाल, प्रेमराज नाई, इन्द्राज राबिया, पृथ्वीराज गोदारा, श्यामलाल राबिया, आत्माराम राबिया, सुरेन्द्र वर्मा, श्योपत राम नाथ, कृष्णलाल मायल, कैलाश टाक, भादरराम यादव, लक्ष्मीनारायण जांगू, विनोद मूंड, संदीप कंग, विजय भादू, पवन छिम्पा आदि मौजूद थे।