Saturday, May 9निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

किसानों ने अपने दम पर 60 दिनों में बदली 68 मुरबा जमीन की तस्वीर

ललित मोहन पारीक
हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश)।
पिछले 10 वर्षों से खाला जगह-जगह से टूटने की समस्या से बुरी तरह परेशान किसानों को जब किसी तरह के राज्य सरकारों की तरफ से कोई आर्थिक सहायता नहीं मिली तो उन्होंने खुद का संगठन बनाया और इस भयंकर बीमारी से छुटकारा पाने की पहल की। पक्काभादवां गांव के 19 जेआरके बी के 68 मुरबा यानी 16 सौ बीघा जमीन को सिंचाई पानी देने के लिए बने 20 मुरबा खाले की दशा और दिशा बदल डाली। लगातार 60 दिनों तक इस कड़ाके की सर्दी में मेहनत के बाद शुक्रवार को जब सारे कार्य पूर्ण हुए तो मकर संक्रांति के मौके पर सभी किसानों की तरफ से जलेबी और पकौड़ों का लंगर लगाया गया और उस शख्स का सम्मान किया गया जिनकी वजह से यह सारा सिस्टम दुरुस्त हो सका।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *