तंगहाली में जी रहे मंगासिंह के परिवार को आर्थिक मदद की दरकार
by seemasandesh
पत्नी के इलाज पर खर्च हुई जमा पूंजी, प्लॉट गिरवी रख करवाया इलाज हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। जिला मुख्यालय के निकटवर्ती ग्राम पंचायत मक्कासर के चक 2 केएनजे, वार्ड नम्बर 8 निवासी मंगासिंह का परिवार इन दिनों तंगहाली में जी रहा है। परिवार की माली हालत इतनी खराब है कि बच्चों के कपड़े तक नहीं खरीद सकते। इधर-उधर से मांगकर गुजर-बसर हो रहा है। मंगासिंह की पत्नी राजवीर कौर को ब्रेन ट्यूमर होने पर उसके इलाज में जमापूंजी खर्च हो चुकी है। आॅपरेशन के बाद भी राजवीर कौर पूरी तरह से ठीक नहीं हुई है। अब भी उसकी दवाओं पर रुपए खर्च हो रहे हैं। यहां तक कि जिस मकान में वह रह रहे हैं उसे भी गिरवी रखा हुआ है। बच्चों की पढ़ाई तक अधर में छूट चुकी है। इस परिवार को प्रशासन, भामाशाहों व सामाजिक संस्थाओं से आर्थिक मदद की दरकार है। गत दिनों श्री अन्नपूर्णा आध्यात्मिक सेवा समिति की टीम ने ग्रामीणों को निरोग रखने की मुहिम के तहत इस परिवार की सुध ली। साथ ही कुछ आर्थिक मदद भी की। इस दौरान समिति सचिव प्रदीप पाल, वार्ड पंच पति रमेश कुमार, वार्ड पंच सुनील कुमार शर्मा, वार्ड पंच गुरबक्श सिंह उर्फ कुलवंत, अजायब सिंह, वार्ड पंच पति मंगतूराम पूनिया, बलवीर बाजीगर, सेवानिवृत हवलदार गुरचरण सिंह मौजूद थे। इस दौरान राजवीर कौर के पति मंगासिंह ने बताया कि करीब एक साल पहले एक दिन वे पति-पत्नी दिहाड़ी-मजदूरी कर रहे थे कि अचानक उसकी पत्नी राजवीर कौर के सिर में दर्द होने लगा। वह अपनी पत्नी को हनुमानगढ़ टाउन स्थित एमजीएम राजकीय जिला चिकित्सालय लेकर गए। सिटी स्कैन में ब्रेन ट्यूमर की बात पता चली। चिकित्सकों के परामर्श पर वे अपनी पत्नी को बीकानेर ले गए। तब आर्थिक हालात ठीक न होने के कारण उसने चिकित्सकों को कहा कि वह अपनी पत्नी को बीकानेर नहीं ले जा सकता। वे उसकी पत्नी की कुछ दिन की दवाएं लिखकर दे दें। तीन दिन की दवाएं लेने के बाद उसने अपनी पत्नी को बीकानेर ले जाकर आॅपरेशन करवाया। लेकिन अब भी उसकी पत्नी पूरी तरह से ठीक नहीं हुई। वह कमाने वाला अकेला है। दिहाड़ी-मजदूरी नहीं कर पा रहा। दवाई आदि का खर्चा नहीं उठा पा रहा। परिवार तंगहाली में जीने को मजबूर है। वह अपनी पत्नी के इलाज के लिए प्लाट भी 50 हजार रुपए में गिरवी रख चुका है। उन्होंने उनके परिवार की सार-संभाल करने के लिए समिति का धन्यवाद किया। साथ ही प्रशासन व भामाशाहों से आर्थिक मदद देने की गुहार लगाई। श्री अन्नपूर्णा आध्यात्मिक सेवा समिति सचिव प्रदीप पाल ने बताया कि मंगासिंह की पत्नी राजवीर कौर पिछले साल से बीमार चल रही है। उन्हें चिकित्सकों ने ब्रेन ट्यूमर बताया है। ब्रेन ट्यूमर का इलाज बीकानेर हुआ। बीकानेर से इलाज करवाने के बावजूद राजवीर कौर की आंखों की रोशनी चली गई थी। अब कुछ दिखाई देने लगा है। मंगासिंह का परिवार आर्थिक रूप से इतना कमजोर है कि इलाज नहीं करवा सकता। परिवार की हालत इतनी खराब है कि बच्चों के पहनने के लिए नए कपड़े तक नहीं खरीद सकते। इधर-उधर से पुराने कपड़े मिलते हैं तो वह पहनकर अपना गुजारा कर रहे हैं। राजवीर कौर के इलाज के चक्कर में बच्चों की पढ़ाई भी छूट गई है। बच्चे भी परिवार चलाने के लिए मजदूरी करने के लिए मजबूर हो गए हैं। मंगासिंह खुद कमाने वाला व्यक्ति है। उन्होंने मांग की कि प्रशासन या कोई भामाशाह इस परिवार की मदद के लिए आगे आए ताकि राजवीर कौर का जीवन बचाया जा सके। उधर, ग्रामीणों ने इस परिवार की सुध लेने के लिए श्री अन्नपूर्णा आध्यात्मिक सेवा समिति की टीम का धन्यवाद किया।