तीन दिन बाद खुले पेट्रोल पम्प, वाहन चालकों को मिली राहत
by seemasandesh
मांगें नहीं मानने पर 15 दिन बाद पुन: हड़ताल पर जाने की चेतावनी, कलक्टर से हुई वार्ता हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। पड़ोसी राज्यों के बराबर वेट करने की मांग को लेकर बेमियादी हड़ताल पर गए जिले के पेट्रोल पम्प संचालक गुरुवार को वापस लौट आए। इसके चलते तीन दिन से बंद पेट्रोल पम्प गुरुवार को खुलने से परेशान वाहन चालकों को पेट्रोल-डीजल उपलब्ध होने पर राहत मिली। हड़ताल स्थगित होने का पता चलते ही गुरुवार सुबह पेट्रोल पम्पों पर वाहन चालकों की कतारें लग गई। यद्यपि सरकार और पम्प संचालकों में किसी मुद्दे पर समझौता नहीं हुआ है। अभी सरकार की तरफ से पम्प संचालकों को सिर्फ आश्वासन दिया गया है। वहीं, जिला प्रशासन ने भी गुरुवार को पम्प संचालकों की यूनियन के पदाधिकारियों को वार्ता के लिए बुलाया। पम्प संचालकों ने 25 अक्टूबर से बेमियादी समय के लिए हड़ताल की घोषणा की थी, जो तीन दिन जारी रही। अब हड़ताल स्थगित होने से पेट्रोल-डीजल के लिए भटक रहे आमजन को राहत मिली। हनुमानगढ़ पेट्रोलियम डीलर्स एसोसिएशन अध्यक्ष पतराम भाम्भू ने बताया कि जयपुर में सचिव से संतोषजनक वार्ता के चलते गुरुवार को पेट्रोल पम्प खोलने का निर्णय लिया गया है। उन्होंने बताया कि गुरुवार को जिला कलक्टर से भी स्थानीय मुद्दों को लेकर संगठन की ओर से वार्ता की गई। इसके अलावा दीपावली नजदीक होने व किसानों के बिजाई सीजन के चलते भी एकबारगी हड़ताल स्थगित की गई है। मांगें नहीं मानने पर 15 दिन बाद फिर बेमियादी समय के लिए हड़ताल की जाएगी। इससे पहले पड़ोसी जिले श्रीगंगानगर में बुधवार व बीकानेर में मंगलवार को ही पेट्रोल पम्प खुल गए थे। वाहन चालकों को हड़ताल के बावजूद पेट्रोल-डीजल उपलब्ध हो रहा था। पम्प संचालकों में फूट के चलते पहले बीकानेर, चूरू, फिर श्रीगंगानगर और गुरुवार को हनुमानगढ़ के पेट्रोल पम्प खुल गए। अभी तक किसी मांग पर सहमति नहीं बन पाई है। ऐसे में पम्प संचालकों ने खुद ही पम्प खोल लिए। लोग निकटवर्ती हरियाणा से सस्ता पेट्रोल-डीजल लाते रहे। कस्बे से लेकर देहात तक अनेक दुकानों पर भी पेट्रोल-डीजल मिल रहा था। पेट्रोल पम्प संचालक वेट को हरियाणा व पंजाब राज्यों के बराबर करने, बायो डीजल की तस्करी पर रोक लगाने, बढ़े हुए वेट को वापस लेने सहित अन्य मांगें कर रहे हैं।