नई दिल्ली
श्रीराम ग्रुप की तीन कंपनियों ने विलय होने वाला है और सोमवार को कंपनी की ओर से इसकी आधिकारिक घोषणा कर दी गई। इस विलय से देश की सबसे बड़ी खुदरा वित्त गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एनबीएफसी) श्रीराम फाइनेंस लिमिटेड अस्तित्व में आएगी।
47 साल पुरानी कंपनी की बुनियाद
विलय के संबंध में 47 साल पुरानी इस कंपनी की ओर से जारी किए गए एक बयान में कहा गया है कि इन तीनों कंपनियों श्रीराम ट्रांसपोर्ट फाइनेंस (एसटीएफसी), श्रीराम सिटी यूनियन फाइनेंस (एससीयूएफ) और उनकी प्रवर्तक श्रीराम कैपिटल (एससीएल) ने एसीएल के एससीयूएफ और एसटीएफसी में विलय को मंजूरी दे दी है। विलय के बाद अस्तित्व में आने वाली इकाई को श्रीराम फाइनेंस लि.के नाम से जाना जाएगा। यह देश की सबसे बड़ी खुदरा वित्त एनबीएफसी होगी। नई कंपनी कॉमर्शियल गाड़ियों की फाइनेंसिंग, एमएसएमई लोन और टू-व्हीलर फाइनेंस का काम देखेगी। गौरतलब है कि श्रीराम ग्रुप की स्थापना साल 1974 में की गई थी।