Saturday, May 9निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

पूर्वजों की आत्मा की शांति के लिए तर्पण है श्राद्ध

20 सितंबर से 6 अक्टूबर 2021 पितृ पक्ष का महत्व
श्रीगंगानगर।
पितृ पक्ष में पितरों को याद कर उनके प्रति आभार व्यक्त किया जाता है। हिंदू धर्म में पितृ यानी श्राद्ध को विशेष माना गया है। वायु पुराण और वराह पुराण में श्राद्ध कर्म के बारे में विस्तार से बताया गया है।हस्तरेखा विशेषज्ञ डॉ.ब्रह्म भाटिया के अनुसार श्राद्ध अक्सर सितंबर महीने में ही शुरू होते हैं, जो कि 16 दिन तक चलते हैं। हमारे जो पूर्वज अपने देह का त्याग करके चले जाते हैं, उनकी आत्मा की शांति के लिए पितृ पक्ष में तर्पण किया जाता है। इन्हें श्राद्ध भी कहा जाता है। श्राद्ध का मतलब होता है, श्रद्धा पूर्वक। ऐसी मान्यता है कि श्राद्ध के दिनों मृत्युलोक के देवता यमराज आत्मा को मुक्त देते हैं, ताकि वे अपने परिजनों के यहां जाकर तर्पण ग्रहण कर सकें। डॉ. भाटिया ने बताया कि इस बार 26 सितंबर को पितृ पक्ष तिथि नहीं है।पितृ पक्ष में विधि पूर्वक पितरों का श्राद्ध और तर्पण करने से जीवन में आने वाली परेशानियां दूर होती हैं।पितरों का आशीर्वाद प्राप्त होता है।पितृ पक्ष में किए जाने वाले श्राद्ध से पितृ प्रसन्न होते हैं। ऐसा माना जाता है कि पितृ पक्ष प्रति श्रद्धा व्यक्त करने से जीवन में सुख शांति और समृद्धि आती है। पौराणिक मान्यता है कि यदि श्राद्ध न किया जाए तो व्यक्ति की आत्मा को पूर्ण रूप से मुक्ति नहीं मिलती है। उसकी आत्मा भटकती रहती है। पितृ पक्ष में पितरों का श्राद्ध करने और श्रद्धा प्रदान करने से पितृ प्रसन्न होते हैं और उनकी आत्मा को शांति मिलती है। गरुड़ पुराण के अनुसार पितृ पक्ष में पितरों का तर्पण व्यक्ति के पितृ दोष को दूर करता है। श्राद्ध न होने स्थिति में आत्मा को पूर्ण मुक्ति नहीं मिलती, जिसके कारण वह भटकती रहती है। ऐसे में पितृ पक्ष के दौरान श्राद्ध और तर्पण करने से पितरों को शांति मिलती है और इससे वे प्रसन्न होते हैं।
20 सितंबर 2021,सोमवार: पूर्णिमा श्राद्ध
21सितंबर 2021मंगलवार:प्रतिपदा श्राद्ध
22 सितंबर 2021, बुधवार: द्वितीया श्राद्ध
23सितंबर2021,बृहस्पतिवार:तृतीयाश्राद
24 सितंबर 2021, शुक्रवार: चतुर्थी श्राद्ध
25 सितंबर 2021, शनिवार: पंचमी श्राद्ध
27 सितंबर 2021, सोमवार: षष्ठी श्राद्ध
28सितंबर 2021,मंगलवार: सप्तमी श्राद्ध
29 सितंबर 2021, बुधवार: अष्टमी श्राद्ध
30सितंबर2021,बृहस्पतिवार:नवमीश्राद्ध
1 अक्तूबर 2021, शुक्रवार: दशमी श्राद्ध
2 अक्तूबर2021, शनिवार:एकादशी श्राद्ध
3 अक्तूबर2021,रविवार:द्वादशी, सन्यासियों का श्राद्ध, मघा श्राद्ध
4 अक्तूबर2021, सोमवार: त्रयोदशी श्राद्ध
5अक्तूबर2021, मंगलवार: चतुर्दशी श्राद्ध
6 अक्तूबर 2021,बुधवार:अमावस्या श्राद्ध।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *