जयपुर
पेगासस जासूसी केस में सुप्रीम कोर्ट से न्यायिक जांच और नागरिकों की निजता के हनन को लेकर राजस्थान में कांग्रेस ने मोदी सरकार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। गुरुवार को कांग्रेस ने सिविल लाइंस में राजभवन का घेराव कर धरना दिया।
इस प्रदर्शन में कांग्रेस के कैबिनेट मंत्रियों सहित कई विधायक और मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के बेटे वैभव गहलोत सहित सैकड़ों की संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी व कार्यकर्ता मौजूद रहे। बता दें कि दो दिन पहले ही कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने पेगासस जासूसी कांड में मोदी सरकार के खिलाफ राजभवन के घेराव का आह्वान किया था। यूथ कांग्रेस अध्यक्ष गणेश घोघरा व खाजूवाला विधायक गोविंद मेघवाल ने राज्यपाल को ही मोदी सरकार का एजेंट बताते हुए उनके ईशारों पर काम करने के आरोप लगा दिए।

राजभवन के घेराव में मौजूद कांग्रेस के कार्यकर्ता।
परिवहन मंत्री प्रताप सिंह ने कहा- मैं आरएसएस से डरता नहीं हूं
धरने में मौजूद परिवहन मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा कि आरएसएस के लोग, बीजेपी के लोग कुछ नहीं बोलते हैं। कहां है आरएसएस। कोरोना में लोग जब मर रहे थे। तब आरएसएस के लोग सेवा नहीं कर रहे थे। डरकर घरों में बैठे हुए थे।
खाचरियावास ने कहा कि मैं आरएसएस से लड़ना नहीं चाहता हूं, लेकिन वो भी सुन लें, मैं उनसे डरता नहीं हूं। प्रताप सिंह ने अपने संबोधन के जरिए कहा कि अब जयपुर को कांग्रेस में नया जिला अध्यक्ष मिलने वाला है। मुझे उम्मीद है वो मेरे से भी ज्यादा तूफानी होगा।

राजभवन के घेराव कार्यक्रम में कांग्रेसी कार्यकर्ताओं ने सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां।
राजभवन के घेराव में ये कांग्रेस नेता रहे मौजूद
इस घेराव में केबिनेट मंत्री बीडी कल्ला, डॉ. रघु शर्मा, प्रताप सिंह खाचरियावास, मुख्य सचेतक डॉ. महेश जोशी, सुभाष गर्ग, सुखराम विश्नोई,मंत्री ममता भूपेश, भंवर सिंह भाटी, विधायक संयम लोढ़ा, गंगा देवी, अमर सिंह जाटव, अमीन कागजी, गोविंद मेघवाल, कृष्णा पूनियां, हाकम अली, खिलाड़ी लाल बैरवा, महापौर मुनेश गुर्जर, कांग्रेस नेता नसीम अख्तर, रेहाना रियाज, मुमताज मसीह, यूथ कांग्रेस अध्यक्ष गणेश घोघरा, रुक्ष्मणी सिंह, समेत कई नेता मौजूद रहे।
भाजपा के मुख्य प्रवक्ता ने कांग्रेस घेराव को लेकर दिया बयान
भाजपा प्रदेश मुख्य प्रवक्ता रामलाल शर्मा ने कहा कि बिना साक्ष्य और सबूतों के कांग्रेस पार्टी आरोप लगा रही है। कांग्रेस जनता के मुद्दों से ध्यान भटकाने का प्रयास कर रही है। चौमूं से विधायक रामलाल शर्मा ने कहा कि खुद अशोक गहलोत सरकार के अपने विधायक ही फोन टेपिंग का आरोप लगा चुके हैं।