हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। चार दिवसीय छठ महापर्व का आगाज सोमवार को नहाय-खाय के साथ हुआ। इसके तहत पूर्वांचलवासियों की ओर से सबसे पहले घर की साफ-सफाई कर उसे पवित्र बनाया गया। इसके पश्चात छठ व्रतियों ने स्नान कर पवित्र तरीके से बना शुद्ध शाकाहारी भोजन ग्रहण कर व्रत की शुरुआत की। घर के सभी सदस्यों ने व्रती के भोजनोपरांत ही भोजन ग्रहण किया। भोजन के रूप में कद्दू-दाल और चावल ग्रहण किया गया। महापर्व के दूसरे दिन मंगलवार को खरना होगा। बुधवार को पूर्वांचलवासी अस्तांचल सूर्य को अर्घ्य देंगे। गुरुवार को उदीयमान सूर्य को अर्घ्य देने के साथ ही चार दिवसीय छठ महोत्सव का समापन होगा। उधर, छठ महोत्सव को लेकर पूर्वांचलवासियों की ओर से अस्तांचल व उदीयमान सूर्य को दिए जाने वाले अर्घ्य के समय किसी प्रकार की परेशानी न हो, इसको लेकर नगर परिषद की ओर से जंक्शन व टाउन में नहरों की साफ-सफाई का कार्य करवाया जा रहा है। जंक्शन की श्री छठ पूजा समिति की ओर से सूरतगढ़ फोरलेन पर स्थित चुंगी नम्बर 8, आईटीआई कॉलोनी के पास विशाल छठ महोत्सव और भजन संध्या का आयोजन किया जा रहा है। समिति की ओर से चार दिवसीय छठ महोत्सव की तैयारियां जोरों पर हैं। समिति के प्रदीप पाल ने बताया कि छठ पूजा महोत्सव का शुभारंभ सोमवार को नहाय-खाय से हो गया। मंगलवार को खरना, 10 नवंबर को अस्तांचल सूर्य को अर्घ्य दिया जाएगा। छठ पूजा महोत्सव का समापन 11 नवंबर को उदय होते हुए सूर्यदेव को अर्घ्य देने के साथ होगा।