सर्वसमाज के लोगों की बैठक, बोले- चौराहे के एकतरफ चौक बनाने की अनुमति दे प्रशासन
- पूर्व सांसद भरतराम मेघवाल सहित सर्वसमाज के लोग रहे बैठक में मौजूद
हनुमानगढ़ (सीमा सन्देश न्यूज)। जंक्शन में अबोहर बाइपास रोड पर स्थित ग्रेफ चौराहे पर बिना अनुमति बनाए गए संविधान चौक को प्रशासन की ओर से रातोंरात हटवा देने से खड़ा हुआ विवाद गर्मा गया है। इस मसले को लेकर बुधवार को जंक्शन के अम्बेडकर भवन में सर्वसमाज के लोगों की बैठक हुई। बैठक में विशेष रूप से पूर्व सांसद भरतराम मेघवाल मौजूद रहे। बैठक में तय किया गया कि जिला प्रशासन से मुलाकात कर यह मांग की जाएगी कि चौराहे के बीच की बजाय साइड में संविधान चौक का निर्माण करने की अनुमति दी जाए। पूर्व सांसद भरतराम मेघवाल ने कहा कि संविधान पूरे देश में लागू है। पूरे देश को संविधान की जरूरत है। सर्वसमाज के लोगों ने पहल करते हुए जिला मुख्यालय पर संविधान चौक बनाने की अच्छी पहल की। लेकिन उस चौक को रातोंरात तोड़कर वहां से हटा दिया गया। जब उन्होंने उपखण्ड अधिकारी व नगर परिषद सभापति से बात की तो उनका कहना था कि यह नेशनल हाइवे है। इस पर हादसों का खतरा रहता है। यहां चौक बनाना उचित नहीं है। पूर्व सांसद ने कहा कि वे अन्य जगहों पर बनाए गए किसी भी चौक का विरोध नहीं कर रहे। सर्वसमाज के लोगों का उद्देश्य संविधान चौक बनाने का था। उन्होंने प्रशासन से मांग की कि अगर हाइवे के बीच में चौक का निर्माण करना उचित नहीं है तो प्रशासन साइड में कुछ जगह दे दे, वहां चौक का निर्माण करवा दिया जाएगा और उसका नाम संविधान चौक रखा जाएगा। चौक बनने से सर्वसमाज के लोगों का उत्साह बढ़ेगा। क्योंकि संविधान किसी व्यक्ति या पार्टी विशेष का नहीं है। यह सभी के लिए लागू है। पूर्व सांसद ने कहा कि बड़े-बड़े शहरों में भी बिना अनुमति के चौक बने हुए हैं। हनुमानगढ़ शहर में भी सभी चौक बगैर अनुमति के बने हुए हैं। पहले चौक बनाए जाते हैं बाद में अनुमतियां प्राप्त की जाती हैं। सर्वसमाज के लोगों ने भी संविधान चौक बनाकर कोई गलत काम नहीं किया। उन्होंने कहा कि जिला कलक्टर के समक्ष इस मांग को रखा जाएगा। उम्मीद है कि उनकी बात सुनी जाएगी और कोई न कोई हल निकाला जाएगा। वहीं पार्षद प्रतिनिधि निरंजन नायक ने कहा कि सर्वसमाज की ओर से स्थापित संविधान चौक जिला प्रशासन की ओर से हटा दिया गया है। मंगलवार को जब सर्वसमाज के लोगों ने दोबारा चौक स्थापित करने का प्रयास किया तो पुलिस ने सर्वसमाज के लोगों के साथ ज्यादती की। पार्षदों व पार्षद प्रतिनिधियों सहित अन्य वरिष्ठ लोगों के साथ पुलिस कर्मियों ने धक्का-मुक्की की। उन्होंने बताया कि वे इस संबंध में जिला कलक्टर से मुलाकात करेंगे। उनसे मांग की जाएगी कि अगर ग्रेफ चौराहे पर चौक नहीं बन सकता तो साइड में कहीं थोड़ी जगह देकर चौक का निर्माण करने दिया जाए। पार्षद प्रतिनिधि निरंजन नायक का कहना था कि शहर में बने तकरीबन सभी चौक बिना अनुमति बने हुए हैं। अगर प्रशासन की ओर से अनुमति दी गई है तो इस बारे में सर्वसमाज के लोगों को लिखित अनुमति दिखाई जाए। बैठक में सर्वसमाज के नागरिक मौजूद रहे।
यह है मामला
गौरतलब है कि सर्वसमाज की ओर से 15 अगस्त को जंक्शन में अबोहर बाइपास पर स्थित ग्रेफ चौराहे पर संविधान चौक का निर्माण किया गया था। इस चौक को प्रशासन की ओर से सोमवार रात्रि को वहां से हटवा दिया गया। चौक को रातोंरात तोड़कर हटाए जाने से मंगलवार को सर्वसमाज के लोगों में रोष फैल गया। सूचना पर सर्वसमाज के लोग व जनप्रतिनिधि मौके पर एकत्रित हो गए और धरना शुरू कर दिया। उन्होंने चौक तोड?े वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की। इस दौरान तोड़े गए चौक को दोबारा स्थापित करने के प्रयास को लेकर सर्वसमाज के लोगों व पुलिस के बीच टकराव की स्थिति पैदा हो गई तथा माहौल तनावपूर्ण हो गया। पुलिस ने निर्माण सामग्री से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर लिया। पुलिस को हल्का बल प्रयोग भी करना पड़ा। पुलिस अधिकारियों व सर्वसमाज के प्रतिनिधियों के बीच बहस भी हुई। आक्रोशित लोग चौराहे के बीच धरने पर बैठ गए और पुलिस प्रशासन मुदार्बाद के नारे लगाए। इस दौरान सर्वसमाज के लोगों ने पुलिस पर भी अमानवीय व्यवहार करने का आरोप लगाया। सुरक्षा के दृष्टिगत मौके पर भारी पुलिस जाब्ता तैनात रहा। तहसीलदार बाबूलाल रेगर ने मौके पर पहुंच आक्रोशित लोगों से वार्ता की लेकिन कोई हल नहीं निकला। बताया जा रहा है कि बगैर अनुमति चौक बनाने पर जिला प्रशासन ने पुलिस के सहयोग से रात्रि को संविधान चौक को ग्रेफ चौराहे से हटाकर साइड में फेंक दिया।