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यात्रा

ओमिक्रॉन से बचना है तो दो मास्क लगाना जरूरी

ओमिक्रॉन से बचना है तो दो मास्क लगाना जरूरी

यात्रा, लाइफस्टाइल, स्पोर्ट्स
दुनिया भर में ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच हॉन्ग-कॉन्ग के वैज्ञानिकों ने कहा है कि नए वैरिएंट से बचने के लिए दो मास्क पहनना जरूरी है। ये सलाह विशेष रूप से उन लोगों के लिए है जो आए दिन कोरोना मरीजों के संपर्क में आते हैं। एक्सपर्ट्स का मानना है कि डबल मास्क लगाने से हमें कोरोना के खिलाफ 91% तक सुरक्षा मिल सकती है। हाई रिस्क पर हैं तो डबल मास्क लगाना बेहद जरूरीमाइक्रोबायोलॉजिस्ट यूएन क्वोक-युंग कहते हैं कि जो लोग पहले से ही गंभीर बीमारियों से पीड़ित हैं, उन्हें दो मास्क पहने रहना चाहिए। इनके अलावा, वैक्सीन न लगवाने वाले लोग, डॉक्टर्स और एयरपोर्ट वर्कर्स को भी संक्रमण का रिस्क ज्यादा होता है। इन्हें भी डबल मास्किंग फॉलो करनी चाहिए।...
नए वैरिएंट से रिकवरी के बाद भी मरीजों को हो रहा गंभीर पीठ और कमर दर्द

नए वैरिएंट से रिकवरी के बाद भी मरीजों को हो रहा गंभीर पीठ और कमर दर्द

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
वैसे तो दुनिया भर के एक्सपर्ट्स ओमिक्रॉन को एक माइल्ड इन्फेक्शन बता रहे हैं, लेकिन इससे रिकवर होने के बाद भी लोगों को शरीर में दर्द और हरारत का सामना करना पड़ रहा है। अधिकतर मरीज पीठ और कमर में गंभीर दर्द की शिकायत कर रहे हैं। डॉक्टरों की मानें तो इस तरह के मामले हर दिन बढ़ते ही जा रहे हैं। कितना गंभीर है ये पीठ दर्द? फिजीशियन डॉ. हेमंत ठाकर के अनुसार, जिस तरह लोगों को डेंगू होने पर शरीर में असहनीय दर्द होता है, ओमिक्रॉन के मरीजों को रिकवरी के बाद उसी तरह का पीठ दर्द हो रहा है।जेजे हॉस्पिटल के डॉ. हेमंत गुप्ता का कहना है कि जिन लोगों को पहले से ही पीठ और कमर दर्द होता है, ओमिक्रॉन होने पर उनकी ये परेशानी और ज्यादा बढ़ जाती है। संक्रमण से रिकवर होने के बाद भी वे इस दर्द से जल्दी रिकवर नहीं हो पाते।मुंबई के ग्लोबल हॉस्पिटल के डॉ. हरीश चाफले के अनुसार, वायरल इन्फेक्शन के दौरान शरीर में ...
ओमिक्रॉन होने पर नवजातों और छोटे बच्चों का ख्याल कैसे रखें?

ओमिक्रॉन होने पर नवजातों और छोटे बच्चों का ख्याल कैसे रखें?

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के बीच नवजातों और छोटे बच्चों के पेरेंट्स की चिंता बढ़ गई है। जहां दुनिया भर में एडल्ट्स को बूस्टर डोज लगाया जा रहा है, वहीं ये बच्चे वैक्सीन न लगने के कारण इस वायरस के शिकार हो रहे हैं। अमेरिका जैसे देशों में तो ऐसे बच्चों को अस्पताल में भर्ती करने तक की नौबत आ रही है। ऐसे में बच्चों को इस बीमारी से कैसे बचाएं और लक्षण होने पर उनका ख्याल कैसे रखें, ये जानना बेहद जरूरी है। द क्विंट से बात करते हुए डॉ. मनिंदर सिंह धालीवाल ने बताया कि 80% मामलों में ओमिक्रॉन के शुरुआती लक्षण सर्दी-खांसी होते हैं। इनके अलावा, 10% को कंपकंपी और 10% को उल्टी, दस्त और हरारत का अनुभव होता है।...
हवा में 20 मिनट के अंदर ही 90% तक कमजोर हो जाता है वायरस

हवा में 20 मिनट के अंदर ही 90% तक कमजोर हो जाता है वायरस

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच एक चौंकाने वाली रिसर्च सामने आई है। इंग्लैंड की ब्रिस्टल यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों के मुताबिक, हवा के संपर्क में आने के 20 मिनट के अंदर ही कोरोना वायरस 90% तक कमजोर हो जाता है। साथ ही, शुरुआती 5 सेकंड में ही वायरस अपनी आधी ताकत खो देता है। रिसर्चर्स ने इसका कारण हवा में नमी और कार्बन डाइऑक्साइड की कमी को बताया है। कैसे फैलता है कोरोना का संक्रमण? कोविड-19 की बीमारी हवा के जरिये फैलती है। वैज्ञानिकों के अनुसार हवा फ्लूइड (तरल) होती है। इसमें तरह-तरह के कण मौजूद होते हैं, जो समय के साथ वातावरण में फैलते जाते हैं। कोरोना वायरस भी इस हवा के साथ फैलने में सक्षम होता है। जब कोई संक्रमित व्यक्ति खांसता या छींकता है और हम उसके करीब रहकर उसी हवा में सांस लेते हैं, तब वायरस हमारे शरीर में ट्रांसफर हो जाता है।...
गुलाबी ड्रेस में कियारा आडवाणी की क्यूट स्माइल ने जीता फैंस का दिल

गुलाबी ड्रेस में कियारा आडवाणी की क्यूट स्माइल ने जीता फैंस का दिल

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  कियारा आडवाणी फिल्मों में सिंपल एंड क्यूट किरदार निभाकर फैंस की चहेती बन चुकी हैं। उनकी स्माइल के लोग फैंन हैं। ऐसे में कियारा भी अपने गुड लुक्स से फैंस को सरप्राइज देती रहती हैं। स्टाइल और फैशन के मामले में कियारा अक्सर कंफर्ट वियर में नजर आती है। इस बार भी जब इंस्टा पर उनकी तस्वीर सामने आईं तो फैंस बस उनकी क्यूट सी स्माइल को देखते रह गए। ...
संक्रमितों को हो रही है पेट की यह समस्या

संक्रमितों को हो रही है पेट की यह समस्या

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  दुनियाभर के लिए कोरोना का ओमिक्रॉन वेरिएंट इस समय बड़ी मुसीबतों का कारण बना हुआ है। इस वेरिएंट की संक्रामकता की दर काफी अधिक बताई जाती है, यही कारण है कि दुनियाभर के वैज्ञानिक इसके प्रसार को रोकने वाले उपायों की खोज करने में लगे हुए हैं। कोरोना वायरस के मूलरूप से अलग इस वेरिएंट में 35 से अधिक म्यूटेशनों के बारे में पता चला है जो इसे वैक्सीन से शरीर में बनीं प्रतिरक्षा को भी आसानी से चकमा देने के योग्य बनाते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कोरोना के इस खतरे से बचे रहने के लिए सभी लोगों को लगातार बचाव के उपाय करते रहने चाहिए। कोरोना के इस वेरिएंट से संक्रमण की स्थिति में रोगियों में कुछ विशेष लक्षणों के बारे में भी पता चला है। डेल्टा वेरिएंट में लोगों को स्वाद और गंध जाने की समस्या अधिक हो रही थी, हालांकि ओमिक्रॉन के संक्रमण में इस तरह के लक्षण कम ही देखे जा रहे हैं। इस...
भारत की ये पांच जगहें हैं दुनियाभर में प्रसिद्ध, विदेशी पर्यटकों की लगती है होड़

भारत की ये पांच जगहें हैं दुनियाभर में प्रसिद्ध, विदेशी पर्यटकों की लगती है होड़

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  भारत विविधताओं का देश है। यहां एक ही राज्य में अलग अलग संस्कृति, ऐतिहासिक धरोहर और प्राकृतिक खूबसूरती देखने को मिल जाती है, तो ऐसे में समुचित भारत में कई खूबसूरत पर्यटन स्थल हैं, जो विश्व को अपनी ओर आकर्षित करते हैं। भारत के कुछ पर्यटन स्थल तो विदेशों तक में इतने मशहूर हैं कि जब कोई विदेशी भारत आता है तो वहां जरूर घूमने जाना चाहता है। इन्हीं पर्यटन स्थलों की विशेषताएं और खूबसूरती के दुनियाभर में प्रचार प्रसार के हर साल 25 जनवरी को राष्ट्रीय पर्यटन दिवस मनाया जाता है। देश की अर्थव्यवस्था के लिए पर्यटन के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए भारत सरकार ने पर्यटन दिवस मनाने का फैसला लिया। पर्यटन से करोड़ों लोगों को रोजगार मिलता है। वहीं भारत की ऐतिहासिकता, खूबसूरती और संस्कृति का प्रसार भी होता है। वैसे तो भारत में कश्मीर से कन्याकुमारी तक कई शानदार पर्यटन स्थल हैं लेकिन कुछ...
धार्मिक के साथ मकर संक्रांति का क्या है वैज्ञानिक महत्व?

धार्मिक के साथ मकर संक्रांति का क्या है वैज्ञानिक महत्व?

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  मकर संक्रांति का पर्व आ गया है। हर साल की तरह इस साल भी मकर संक्रांति 14 जनवरी के दिन पड़ रही है। देश भर में मकर संक्रांति अलग-अलग नामों और तरीकों से मनाई जाती है। मकर संक्रांति का पर्व धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक अधिक महत्वपूर्ण होता है। जब सूर्य का एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करता है, जिसे "संक्रांति" कहा जाता है। इसी प्रकार सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने को "मकर संक्रांति" के नाम से जाना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि मकर संक्रांति के दिन देव भी धरती पर अवतरित होते हैं, आत्मा को मोक्ष प्राप्त होता है, अंधकार का नाश व प्रकाश का आगमन होता है। लेकिन मकर संक्रांति का जितना धार्मिक महत्व होता है, उतना ही अधिक वैज्ञानिक महत्व भी होता है। इसके अलावा मकर संक्रांति से जुड़े कई रोचक तथ्य भी हैं।  मकर संक्रांति का वैज्ञानिक महत्व मकर संक्रांति के पावन दिन पर लंबे दिन औ...
अगर आप हैं हद से ज्यादा शर्मीले तो खुद में लाएं ये चार बदलाव

अगर आप हैं हद से ज्यादा शर्मीले तो खुद में लाएं ये चार बदलाव

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  कुछ लड़के या लड़कियां हद से ज्यादा शर्मीले होते हैं। वह कम बोलना पसंद करते हैं या फिर अपनी बात कहने व जाहिर करने में कमजोर होते हैं। अक्सर उन्हें स्कूल-कॉलेज से लेकर रिश्तेदारों और दोस्तों के बीच अपने शर्मीलेपन के कारण परेशानी हो सकती है। लेकिन उनकी झिझक तब और भी बढ़ जाती है, जब वह किसी को पसंद करते हैं या रिश्ते में बंधने वाले होते हैं। अगर आप भी शर्मीले हैं तो आपको अपने आप में कुछ बदलाव लाने की जरूरत है। क्योंकि हद से ज्यादा शर्मीलापन प्यार या रिलेशनशिप पर भारी पड़ सकता है। कई बार आप अपने इस व्यवहार के कारण अपने दिल की बात पार्टनर से नहीं कह पाते। जरूरी नहीं कि आपका क्रश या पार्टनर आपकी इस झिझक को हर बार समझे, ऐसे में रिश्ते में दूरियां आ सकती हैं। किसी से प्यार का इजहार करना भी शर्मीले लोगों के लिए मुश्किल होता है। ...
हृदय रोगों के खतरे से रहना है सुरक्षित, तो आज से ही शुरू कर दें इन योगासनों का अभ्यास

हृदय रोगों के खतरे से रहना है सुरक्षित, तो आज से ही शुरू कर दें इन योगासनों का अभ्यास

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  पिछले एक दशक में जीवनशैली और आहार में गड़बड़ी के कारण जिन रोगों के मामलों में सबसे ज्यादा उछाल देखने को मिला है, हृदय रोग उन्हीं में से एक हैं। इसे दुनियाभर में होने वाले मौत के प्रमुख कारण के रूप में भी देखा जाता रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक जिस तरह से लोगों में समय के साथ शारीरिक निष्क्रियता के मामले लगातार बढ़ते जा रहे हैं, यही वजह है कि अब बेहद कम उम्र में भी लोग इस गंभीर स्वास्थ्य समस्या के शिकार होते जा रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक हृदय रोगों से बचे रहने के लिए योग को जीवनशैली की हिस्सा बना लेना सबसे आसान और कारगर विकल्प हो सकता है। कई तरह के योगासन हृदय के कार्यों को बढ़ाने के साथ इससे संबंधित गंभीर बीमारियों के जोखिम को कम करने में सहायक हो सकते हैं। रोजाना 30 मिनट का समय निकालकर तमाम तरह के योगासनों का अभ्यास करके आप स्वास्थ्य लाभ ...