Sunday, May 3निर्मीक - निष्पक्ष - विश्वसनीय
Shadow

साइंस

Elit scripta volumus cu vim, cum no vidit prodesset interesset. Mollis legendos ne est, ex pri latine euismod apeirian. Nec molestie senserit an, eos no eirmod salutatus.

फेफड़ों के अलावा कोरोना लिवर पर भी करता है अटैक, ये हो सकता है जानलेवा

फेफड़ों के अलावा कोरोना लिवर पर भी करता है अटैक, ये हो सकता है जानलेवा

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
वैसे तो कोरोना वायरस सबसे पहले हमारे फेफड़ों को टारगेट करता है, लेकिन इससे हमारे लिवर को भी कोई कम खतरा नहीं है। अमेरिका की यूनिवर्सिटी ऑफ टेनेसी की एक नई रिसर्च के अनुसार, कोरोना के शिकार हुए 11% मरीजों को लिवर संबंधित परेशानियां हैं। डॉक्टरों का मानना है कि कोरोना के खिलाफ विकसित की गईं वैक्सीन्स भी हमारे लिवर को बचाने में सक्षम नहीं हैं। ऐसे करता है कोरोना वायरस लिवर पर वाररिसर्च में शोधकर्ताओं ने पाया है कि कोरोना वायरस लिवर में मौजूद महत्वपूर्ण एंजाइम्स की मात्रा बढ़ा देता है। इन एंजाइम्स का नाम एलेनिन एमिनोट्रांस्फरेज (ALT) और एस्परटेट एमिनोट्रांस्फरेज (AST) है। रिसर्च के मुताबिक कोरोना के 15 से 53 फीसदी मरीजों में इन लिवर एंजाइम्स को अधिक मात्रा में पाया गया। ऐसा कहा जा सकता है कि इन लोगों का लिवर टेम्परेरी रूप से खराब हो चुका था।...
डेल्टा के मुकाबले ओमिक्रॉन से मौत का खतरा 91% कम; ये वैरिएंट ज्यादा गंभीर नहीं

डेल्टा के मुकाबले ओमिक्रॉन से मौत का खतरा 91% कम; ये वैरिएंट ज्यादा गंभीर नहीं

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
दुनिया भर में कोरोना के बढ़ते मामलों के बीच एक राहत की खबर सामने आई है। अमेरिकी हेल्थ एजेंसी सेंटर्स फॉर डिसीज कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) के अनुसार, ओमिक्रॉन वैरिएंट डेल्टा के मुकाबले 91% कम जानलेवा है। इसका मतलब, ओमिक्रॉन से मौतें तो होंगी, लेकिन डेल्टा की तुलना में 91% कम। फिलहाल अमेरिका में कोरोना के 90% मामले ओमिक्रॉन के हैं। 50% ओमिक्रॉन मरीजों को ही पड़ती है हॉस्पिटलाइज होने की जरूरत CDC के वैज्ञानिकों ने कैलिफोर्निया के 70,000 कोरोना मरीजों के डेटा को एनालाइज किया। इसमें 52,257 ओमिक्रॉन मरीजों और 16,982 डेल्टा मरीजों को शामिल किया गया। रिसर्च में पाया गया कि केवल 50% ओमिक्रॉन मरीजों को ही हॉस्पिटलाइज होने की जरूरत पड़ सकती है। साथ ही, 25% मरीजों को ही ज्यादा देख-रेख की जरूरत होती है।...
क्या होती है ट्यूबरकुलर पेरिकार्डाइटिस की बीमारी?

क्या होती है ट्यूबरकुलर पेरिकार्डाइटिस की बीमारी?

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
केस - 1 45 वर्ष के संजय (परिवर्तित नाम) को पिछले कुछ दिनों से सांस में तकलीफ हो रही थी। एक दिन अचानक तकलीफ काफी बढ़ गई तो हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया। यहां जांच करने पर पता चला की उसके हार्ट का आकार काफी बढ़ गया है। हार्ट में काफी मात्रा में पानी भर गया। साथ ही हार्ट की दीवारों में भी सूजन आ गई थी। उसे तुरंत कैथ लैब ले जाकर उसका पानी निकाला गया तब जाकर राहत महसूस हुई। बाद में जांच में पता चला की उसे टीबी थी। केस - 2 सतना की मंजूबाला (परिवर्तित नाम) को 2 महीने पहले खांसी और बुखार की शिकायत थी। जांच कराने पर टीबी की बीमारी का पता चला। इलाज बीच में ही बंद कर देने के कुछ दिनों बाद उसकी छाती में तेज दर्द की शिकायत हुई साथ ही धड़कनें भी तेज हो गई। भर्ती करने पर पता लगा की उसे हार्ट की झिल्ली (मेम्ब्रेन) की टीबी हो गई, साथ ही हार्ट के चारों ओर पानी भी भर गया था।...
नए वैरिएंट से रिकवरी के बाद भी मरीजों को हो रहा गंभीर पीठ और कमर दर्द

नए वैरिएंट से रिकवरी के बाद भी मरीजों को हो रहा गंभीर पीठ और कमर दर्द

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
वैसे तो दुनिया भर के एक्सपर्ट्स ओमिक्रॉन को एक माइल्ड इन्फेक्शन बता रहे हैं, लेकिन इससे रिकवर होने के बाद भी लोगों को शरीर में दर्द और हरारत का सामना करना पड़ रहा है। अधिकतर मरीज पीठ और कमर में गंभीर दर्द की शिकायत कर रहे हैं। डॉक्टरों की मानें तो इस तरह के मामले हर दिन बढ़ते ही जा रहे हैं। कितना गंभीर है ये पीठ दर्द? फिजीशियन डॉ. हेमंत ठाकर के अनुसार, जिस तरह लोगों को डेंगू होने पर शरीर में असहनीय दर्द होता है, ओमिक्रॉन के मरीजों को रिकवरी के बाद उसी तरह का पीठ दर्द हो रहा है।जेजे हॉस्पिटल के डॉ. हेमंत गुप्ता का कहना है कि जिन लोगों को पहले से ही पीठ और कमर दर्द होता है, ओमिक्रॉन होने पर उनकी ये परेशानी और ज्यादा बढ़ जाती है। संक्रमण से रिकवर होने के बाद भी वे इस दर्द से जल्दी रिकवर नहीं हो पाते।मुंबई के ग्लोबल हॉस्पिटल के डॉ. हरीश चाफले के अनुसार, वायरल इन्फेक्शन के दौरान शरीर में ...
ओमिक्रॉन होने पर नवजातों और छोटे बच्चों का ख्याल कैसे रखें?

ओमिक्रॉन होने पर नवजातों और छोटे बच्चों का ख्याल कैसे रखें?

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
कोरोना के लगातार बढ़ते मामलों के बीच नवजातों और छोटे बच्चों के पेरेंट्स की चिंता बढ़ गई है। जहां दुनिया भर में एडल्ट्स को बूस्टर डोज लगाया जा रहा है, वहीं ये बच्चे वैक्सीन न लगने के कारण इस वायरस के शिकार हो रहे हैं। अमेरिका जैसे देशों में तो ऐसे बच्चों को अस्पताल में भर्ती करने तक की नौबत आ रही है। ऐसे में बच्चों को इस बीमारी से कैसे बचाएं और लक्षण होने पर उनका ख्याल कैसे रखें, ये जानना बेहद जरूरी है। द क्विंट से बात करते हुए डॉ. मनिंदर सिंह धालीवाल ने बताया कि 80% मामलों में ओमिक्रॉन के शुरुआती लक्षण सर्दी-खांसी होते हैं। इनके अलावा, 10% को कंपकंपी और 10% को उल्टी, दस्त और हरारत का अनुभव होता है।...
हवा में 20 मिनट के अंदर ही 90% तक कमजोर हो जाता है वायरस

हवा में 20 मिनट के अंदर ही 90% तक कमजोर हो जाता है वायरस

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
ओमिक्रॉन के बढ़ते मामलों के बीच एक चौंकाने वाली रिसर्च सामने आई है। इंग्लैंड की ब्रिस्टल यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों के मुताबिक, हवा के संपर्क में आने के 20 मिनट के अंदर ही कोरोना वायरस 90% तक कमजोर हो जाता है। साथ ही, शुरुआती 5 सेकंड में ही वायरस अपनी आधी ताकत खो देता है। रिसर्चर्स ने इसका कारण हवा में नमी और कार्बन डाइऑक्साइड की कमी को बताया है। कैसे फैलता है कोरोना का संक्रमण? कोविड-19 की बीमारी हवा के जरिये फैलती है। वैज्ञानिकों के अनुसार हवा फ्लूइड (तरल) होती है। इसमें तरह-तरह के कण मौजूद होते हैं, जो समय के साथ वातावरण में फैलते जाते हैं। कोरोना वायरस भी इस हवा के साथ फैलने में सक्षम होता है। जब कोई संक्रमित व्यक्ति खांसता या छींकता है और हम उसके करीब रहकर उसी हवा में सांस लेते हैं, तब वायरस हमारे शरीर में ट्रांसफर हो जाता है।...
गुलाबी ड्रेस में कियारा आडवाणी की क्यूट स्माइल ने जीता फैंस का दिल

गुलाबी ड्रेस में कियारा आडवाणी की क्यूट स्माइल ने जीता फैंस का दिल

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  कियारा आडवाणी फिल्मों में सिंपल एंड क्यूट किरदार निभाकर फैंस की चहेती बन चुकी हैं। उनकी स्माइल के लोग फैंन हैं। ऐसे में कियारा भी अपने गुड लुक्स से फैंस को सरप्राइज देती रहती हैं। स्टाइल और फैशन के मामले में कियारा अक्सर कंफर्ट वियर में नजर आती है। इस बार भी जब इंस्टा पर उनकी तस्वीर सामने आईं तो फैंस बस उनकी क्यूट सी स्माइल को देखते रह गए। ...
संक्रमितों को हो रही है पेट की यह समस्या

संक्रमितों को हो रही है पेट की यह समस्या

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  दुनियाभर के लिए कोरोना का ओमिक्रॉन वेरिएंट इस समय बड़ी मुसीबतों का कारण बना हुआ है। इस वेरिएंट की संक्रामकता की दर काफी अधिक बताई जाती है, यही कारण है कि दुनियाभर के वैज्ञानिक इसके प्रसार को रोकने वाले उपायों की खोज करने में लगे हुए हैं। कोरोना वायरस के मूलरूप से अलग इस वेरिएंट में 35 से अधिक म्यूटेशनों के बारे में पता चला है जो इसे वैक्सीन से शरीर में बनीं प्रतिरक्षा को भी आसानी से चकमा देने के योग्य बनाते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कोरोना के इस खतरे से बचे रहने के लिए सभी लोगों को लगातार बचाव के उपाय करते रहने चाहिए। कोरोना के इस वेरिएंट से संक्रमण की स्थिति में रोगियों में कुछ विशेष लक्षणों के बारे में भी पता चला है। डेल्टा वेरिएंट में लोगों को स्वाद और गंध जाने की समस्या अधिक हो रही थी, हालांकि ओमिक्रॉन के संक्रमण में इस तरह के लक्षण कम ही देखे जा रहे हैं। इस...
भारत की ये पांच जगहें हैं दुनियाभर में प्रसिद्ध, विदेशी पर्यटकों की लगती है होड़

भारत की ये पांच जगहें हैं दुनियाभर में प्रसिद्ध, विदेशी पर्यटकों की लगती है होड़

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  भारत विविधताओं का देश है। यहां एक ही राज्य में अलग अलग संस्कृति, ऐतिहासिक धरोहर और प्राकृतिक खूबसूरती देखने को मिल जाती है, तो ऐसे में समुचित भारत में कई खूबसूरत पर्यटन स्थल हैं, जो विश्व को अपनी ओर आकर्षित करते हैं। भारत के कुछ पर्यटन स्थल तो विदेशों तक में इतने मशहूर हैं कि जब कोई विदेशी भारत आता है तो वहां जरूर घूमने जाना चाहता है। इन्हीं पर्यटन स्थलों की विशेषताएं और खूबसूरती के दुनियाभर में प्रचार प्रसार के हर साल 25 जनवरी को राष्ट्रीय पर्यटन दिवस मनाया जाता है। देश की अर्थव्यवस्था के लिए पर्यटन के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाने के लिए भारत सरकार ने पर्यटन दिवस मनाने का फैसला लिया। पर्यटन से करोड़ों लोगों को रोजगार मिलता है। वहीं भारत की ऐतिहासिकता, खूबसूरती और संस्कृति का प्रसार भी होता है। वैसे तो भारत में कश्मीर से कन्याकुमारी तक कई शानदार पर्यटन स्थल हैं लेकिन कुछ...
धार्मिक के साथ मकर संक्रांति का क्या है वैज्ञानिक महत्व?

धार्मिक के साथ मकर संक्रांति का क्या है वैज्ञानिक महत्व?

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली  मकर संक्रांति का पर्व आ गया है। हर साल की तरह इस साल भी मकर संक्रांति 14 जनवरी के दिन पड़ रही है। देश भर में मकर संक्रांति अलग-अलग नामों और तरीकों से मनाई जाती है। मकर संक्रांति का पर्व धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक अधिक महत्वपूर्ण होता है। जब सूर्य का एक राशि से दूसरी राशि में प्रवेश करता है, जिसे "संक्रांति" कहा जाता है। इसी प्रकार सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने को "मकर संक्रांति" के नाम से जाना जाता है। धार्मिक मान्यता है कि मकर संक्रांति के दिन देव भी धरती पर अवतरित होते हैं, आत्मा को मोक्ष प्राप्त होता है, अंधकार का नाश व प्रकाश का आगमन होता है। लेकिन मकर संक्रांति का जितना धार्मिक महत्व होता है, उतना ही अधिक वैज्ञानिक महत्व भी होता है। इसके अलावा मकर संक्रांति से जुड़े कई रोचक तथ्य भी हैं।  मकर संक्रांति का वैज्ञानिक महत्व मकर संक्रांति के पावन दिन पर लंबे दिन औ...