तंग आकर पिता ने कहा- पढ़ाई या क्रिकेट में से कोई एक चीज चुन लो
IPL फेज टू में लगातार नए चेहरे अपनी काबिलियत का लोहा मनवा रहे हैं। रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) और राजस्थान रॉयल्स (RR) के बुधवार को खेले गए मैच में बेंगलुरु को जीत मिली। इसमें अहम भूमिका निभाई यंग विकेटकीपर बैट्समैन केएस भरत ने। उन्होंने 35 गेंदों पर 44 रन की पारी खेली।
पिता चाहते थे एनर्जी का सही इस्तेमाल हो
आंध्र प्रदेश के विशाखपट्नम के रहने वाले केएस भरत को क्रिकेट पसंद था। RCB को दिए इंटरव्यू में उन्होंने कहा- गली क्रिकेट के दौरान मैं अपने दोस्तों के साथ मिलकर पड़ोसियों के कांच फोड़ा करता था। पिता के पास लगातार शिकायत आने लगी तो उन्होंने तंग आकर एडमिशन क्रिकेट एकेडमी में करवा दिया। पिता चाहते थे कि एनर्जी का सही उपयोग हो।
भरत ने बताया ‘मैं क्रिकेट केवल मस्ती और स्कूल जाने से बचने के लिए खेलता था। क्रिकेट की ट्रेनिंग या मैच सुबह 9 बजे से 4 बजे तक होती थी, ऐसे में उस समय तक स्कूल बंद हो जाता था। मुझे लगता था कि क्रिकेट के माध्यम से अपने को प्रजेंट कर सकता हूं। हालांकि मैं पढ़ाई में भी अच्छा था।’
16 साल की उम्र में स्टेट टीम में चुने गए
विकेटकीपर बैट्समैन ने कहा कि 16 साल की उम्र में स्टेट की टीम में सिलेक्शन हुआ। उसके बाद मेरे पिता ने मेरे कोच से पूछा कि मैं क्या कर सकता हूं। मेरे कोच को लगता था कि क्रिकेट में मेरा भविष्य उज्जवल है। उसके बाद मेरे पिता ने मुझे कहा कि क्रिकेट और पढ़ाई में से किसी एक को चुन कर उस पर फोकस करना चाहिए। चूंकि मैं पढ़ाई में भी काफी अच्छा था, इसलिए मैं उधर भी जा सकता था। पर मैंने क्रिकेट को चुना।