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यात्रा

एक्सपर्ट्स ने सुझाया फॉर्मूला- वुहान का वाइल्ड वायरस और ओमिक्रॉन को मिक्स करके बनाएं सुपर वैक्सीन

एक्सपर्ट्स ने सुझाया फॉर्मूला- वुहान का वाइल्ड वायरस और ओमिक्रॉन को मिक्स करके बनाएं सुपर वैक्सीन

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
कोरोनावायरस के नए वैरिएंट ओमिक्रॉन को रोकने के लिए एक्सपर्ट ने सुपर वैक्सीन का फॉर्मूला सुझाया है और इसे नाम दिया है बाईवेलेंट वैक्सीन। एक्सपर्ट का मानना है कि ओमिक्रॉन की संक्रामकता और म्यूटेशन को देखते हुए बूस्टर डोज भी इसे रोक नहीं पाएगी। जरूरत एक ऐसी वैक्सीन की है, जिसमें वुहान का वाइल्ड वायरस हो और ओमिक्रॉन वैरिएंट भी। एक्सपर्ट ने तर्क दिया कि अमेरिका से भारत लौटा एक व्यक्ति ओमिक्रॉन से संक्रमित हो गया। यहां ध्यान देने वाली बात यह है कि उसने कोरोना की दोनों डोज के अलावा बूस्टर डोज भी ले रखी थी। अमेरिका की फाइजर कंपनी ने तो वैक्सीन के चौथे डोज यानी दूसरे बूस्टर की पेशकश कर दी है, लेकिन विशेषज्ञों का मानना है कि ओमिक्रॉन के लिए बूस्टर से बेहतर बाईवेलेंट वैक्सीन है, जो एक साथ दो वायरस पर अटैक करने में सक्षम होती है। यह चर्चा तब शुरू हुई है, जब विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने चेताया ...
सीनियर सिटिजन हैं तो हो जाएं सतर्क, शरीर में हो सकते हैं कैंसर बनाने वाले 10 हजार करोड़ सेल्स

सीनियर सिटिजन हैं तो हो जाएं सतर्क, शरीर में हो सकते हैं कैंसर बनाने वाले 10 हजार करोड़ सेल्स

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
60 साल की उम्र से ऊपर के लोगों के लिए कैंसर से जुड़ी एक चौंकाने वाली रिसर्च सामने आई है। अमेरिका के यूनिवर्सिटी ऑफ कोलोराडो कैंसर सेंटर की एक हालिया रिपोर्ट के अनुसार, बूढ़े लोगों में कैंसर बनाने वाले 10,000 करोड़ सेल्स (कोशिकाएं) होती हैं। साथ ही, उनमें कम से कम एक कैंसर संबंधी म्यूटेशन भी होता है। पर इसके साथ ही एक खुशखबरी भी है। अमेरिका के नेशनल कैंसर इंस्टीट्यूट की मानें, तो 60% लोगों को इन सेल्स से कोई नुकसान नहीं पहुंचता।...
आलिया, सारा अली या कियारा, बॉलीवुड हसीनाओं के इन लहंगों पर आ जाएगा दिल

आलिया, सारा अली या कियारा, बॉलीवुड हसीनाओं के इन लहंगों पर आ जाएगा दिल

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली आलिया भट्ट से लेकर सारा अली खान इन दिनों अपनी फिल्म के प्रमोशन के लिए गजब के खूबसूरत लुक में नजर आ रही हैं। वहीं बात करें इनके कपड़ों की तो वेस्टर्न के साथ ही इनका एथिनिक लुक भी कमाल नजर आता है। प्रमोशन के लिए आलिया ने जहां गोल्डन कलर के लहंगे के चुना वहीं सारा अली खान काले रंग के लहंगे में बेहद खूबसूरत नजर आ रही थीं। आगे की स्लाइड में देखें आलिया भट्ट, कियारा आडवाणी और सारा अली खान के लहंगे वाले खूबसूरत लुक।...
परिवार के साथ क्रिसमस पर घूमने का है प्लान

परिवार के साथ क्रिसमस पर घूमने का है प्लान

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली साल का आखिरी और दुनियाभर में मनाया जाने वाला बड़ा पर्व क्रिसमस आने वाला है। हर साल 25 दिसंबर को क्रिसमस का त्योहार मनाया जाता है। क्रिसमस पर परिवार, दोस्त, रिश्तेदार आपस में मिलते हैं। पार्टी करते हैं और इस साल को विदाई देने के साथ नए साल का इंतजार करते हैं। क्रिसमस के मौके पर कई लोग बाहर घूमने का प्लान बनाते हैं। कोरोना का खतरा अभी टला नहीं है लेकिन कई लोग घरों में कैद रहने के बजाए क्रिसमस को सेलिब्रेट करने के लिए किसी यात्रा का प्लान बना रहे होंगे। अगर आप क्रिसमस में परिवार या दोस्तों के साथ घर से बाहर क्रिसमस मनाने का प्लान बना रहे हैं, तो पहले ये तय कर लीजिए कि कहां घूमने जाना है। वैसे तो देश में कई ऐसे शहर और जगहें हैं जहां क्रिसमस सेलिब्रेशन काफी धूमधाम से होता है, लेकिन कुछ जगहें क्रिसमस पार्टी के लिए ही प्रसिद्ध हैं।...
कोरोना काल में आया ऑनलाइन शादियों का ट्रेंड

कोरोना काल में आया ऑनलाइन शादियों का ट्रेंड

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली साल 2021 भी कोरोना वायरस के खतरे के बीच बीता। इस साल भी संक्रमण से बचाव के लिए कई तरह के प्रतिबंध लगे। लोग आपस में मिल नहीं सकते थे। किसी तरह का समारोह, शादी पार्टी में कई तरह के प्रतिबंध लगे हुए थे। लोग यात्रा नहीं कर सकते थे, तो वहीं शादी पार्टी में सीमित संख्या में ही लोग शामिल हो सकते थे। इसका असर ये हुआ कि सालों से शादी को लेकर चली आईं परंपराओं में कुछ बदलाव हुआ। भारत में शादी किसी बड़े सेलिब्रेशन से कम नहीं होती है, जहां दूल्हा-दुल्हन के अलावा उनके परिवार, रिश्तेदार, दोस्त, आस पड़ोस के लोग समेत पंडित पुरोहित आदि शामिल होते हैं। हजारों की संख्या में मेहमानों के बीच लड़का और लड़की एक दूसरे के साथ रहने की कसमें लेते हैं। लेकिन इस साल कोरोना के कारण ऑनलाइन शादी का चलन शुरू हुआ। डिजिटल कार्ड से लेकर ऑनलाइन गिफ्ट देने की तरकीब लोगों ने निकाली। कहीं दुल्हन का भाई वीडियो कॉल के ...
सर्दियों में सूजन, जलन और खुजली से हैं परेशान

सर्दियों में सूजन, जलन और खुजली से हैं परेशान

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली मौसमी बदलाव शरीर पर बुरा असर भी डालते हैं। आमतौर पर सर्दियों के मौसम को सेहत बनाने वाला माना जाता है लेकिन ठंड का आना भी कई तरह की समस्याएं लेकर आता है। इसमें शरीर में आने वाली सूजन, लाली, खुजली और जलन भी शामिल है। इसे चिकित्सकीय भाषा में चिलब्लेंस भी कहा जाता है। यह स्थिति शरीर के बार बार ठंड के सम्पर्क में आने से पनपती है। खासकर हाथों और पैरों में इसकी वजह से सूजन और खुजली के साथ ही लाल धब्बे, फफोले आदि भी हो सकते हैं। हालांकि ज्यादातर मामलों में ये फफोले और सूजन मौसम में थोड़ी गर्मी आते ही ठीक भी हो जाते हैं। लगभग एक-तीन हफ्तों में। लेकिन कई बार इनको नजरअंदाज करने से संक्रमण बढ़ सकता है। इसलिए जरूरी है कि शुरुआत से ही सतर्कता बरती जाए।...
वैक्सीन की प्रभाविकता को लेकर वैज्ञानिकों का बड़ा दावा

वैक्सीन की प्रभाविकता को लेकर वैज्ञानिकों का बड़ा दावा

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली कोरोना का ओमिक्रॉन वैरिएंट दुनियाभर में तेजी से बढ़ता जा रहा है। भारत में भी कोरोना के इस नए वैरिएंट से संक्रमितों का संख्या बढ़कर 150 से अधिक हो गई है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक इस वैरिएंट से बचाव करते रहना सभी के लिए आवश्यक है क्योंकि वैरिएंट की प्रकृति काफी चिंतित करने वाली है। ब्रिटेन जैसे देशों में कोरोना के इस संक्रामक वैरिएंट के बढ़ते मामलों के चलते लॉकडाउन जैसे हालात बनने लगे हैं। ओमिक्रॉन से बचाव के लिए वैज्ञानिक कई स्तरों पर अध्ययन कर रहे हैं। अमेरिका स्थित व्हाइट हाउस के शीर्ष चिकित्सा सलाहकार ने रविवार को कहा, कोरोना का ओमिक्रॉन वैरिएंट दुनियाभर में तेजी से बढ़ता जा रहा है। अमेरिका के प्रमुख संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉ एंथनी फौसी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि कोरोना के बढ़ते खतरे के बीच हमारे लिए सबसे बड़ी चिंता यह है कि देश में अभी भी बड़ी संख्या में लो...
इम्युनिटी को बढ़ावा देने के लिए कीजिए इन योगासनों का अभ्यास

इम्युनिटी को बढ़ावा देने के लिए कीजिए इन योगासनों का अभ्यास

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली कोरोना के इस दौर में इम्युनिटी का मजबूत होना कितना आवश्यक है, इससे अब सभी लोग भली-भांति वाकिफ हो चुके हैं। इम्युनिटी मजबूत होने से शरीर को संक्रमण से मुकाबले की शक्ति मिलती है। प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाने के लिए लोग कई तरह की चीजों का सेवन करते हैं, हालांकि सिर्फ खान-पान से ही इम्युनिटी को मजबूत नहीं किया जा सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक इसके लिए नियमित रूप से योग और व्यायाम को भी दिनचर्या का हिस्सा बनाना आवश्यक होता है। योग न सिर्फ मानसिक, बल्कि शारीरिक स्वास्थ्य को भी बेहतर बनाने में सहायता करते हैं। योग विशेषज्ञों के मुताबिक दैनिक जीवन में योगासनों को शामिल करके शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य के साथ शरीर की प्रतिरक्षा प्रणाली को भी मजबूत बनाया जा सकता है। कोरोना के नए नए वैरिएंट्स के इस दौर में प्रतिरक्षा प्रणाली को मजबूत बनाए रखना सभी के लिए आवश्यक है। आइए...
ओमिक्रॉन संक्रमण की आसानी से की जा सकेगी पहचान

ओमिक्रॉन संक्रमण की आसानी से की जा सकेगी पहचान

What's Hot, टॉप न्यूज़, यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली भारत सहित दुनिया के तमाम देशों में कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट के मामले बढ़ते जा रहे हैं। देश के 12 राज्यों में अब तक 150 से अधिक लोगों में कोरोना के इस नए वैरिएंट के संक्रमण की पहचान हो चुकी है। ओमिक्रॉन वैरिएंट के बारे में विस्तार से जानने के लिए वैज्ञानिक अध्ययन कर रहे हैं, चूंकि अब तक इसके लक्षणों के बारे में ज्यादा पता नहीं चल सका है, ऐसे में संक्रमितों में इसके निदान के लिए जीनोम सिक्वेंसिंग कराने की जरूरत पड़ रही है। हालांकि अब ओमिक्रॉन वैरिएंट से संक्रमण की पहचान आसान होने वाली है। वैज्ञानिकों ने संक्रमण के निदान के लिए एक खास किट तैयार की है। भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) के वैज्ञानिकों ने कोरोना वायरस के ओमिक्रॉन वैरिएंट का पता लगाने के लिए एक विशेष किट तैयार की है। वैज्ञानिकों का दावा है कि इस किट के माध्यम से ओमिक्रॉन संक्रमितों का आसानी से पता लग...
इस बात को लेकर चिंतित है डब्ल्यूएचओ

इस बात को लेकर चिंतित है डब्ल्यूएचओ

यात्रा, लाइफस्टाइल, साइंस
नई दिल्ली। भारत सहित दुनिया के तमाम देशों में कोरोना के ओमिक्रॉन वैरिएंट का संक्रमण तेजी से बढ़ता जा रहा है। एक ओर ब्रिटेन जैसे देशों में जहां संक्रमण के कारण दिन-ब-दिन हालात बिगड़ते जा रहे हैं, वहीं भारत में भी ओमिक्रॉन का संकट बढ़ता दिख रहा है। यहां अब तक 100 से अधिक लोगों में ओमिक्रॉन के संक्रमण की पहचान की जा चुकी है। ओमिक्रॉन के बारे में विस्तार से जानने के लिए दुनियाभर के तमाम वैज्ञानिक अध्ययन रहे हैं। इस सप्ताह की शुरुआत में, विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने चेतावनी जारी करते हुए कहा कि कोरोना का यह नया वैरिएंट, पिछले वैरिएंट्स की तुलना में काफी तेजी से फैल रहा है। जल्द ही अगर इसकी रफ्तार पर काबू न पाया गया तो पूरी दुनिया को यह अपनी चपेट में ले सकता है। भारत के संदर्भ में बात करें तो यहां करीब 11 राज्यों में ओमिक्रॉन संक्रमण के मामले सामने आ चुके हैं। वैज्ञानिकों का ...