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महिलाओं की 20 किमी पैदल चाल में प्रियंका और भावना मेडल नहीं जीत सकी; बजरंग पूनिया सेमीफाइनल में हारे

महिलाओं की 20 किमी पैदल चाल में प्रियंका और भावना मेडल नहीं जीत सकी; बजरंग पूनिया सेमीफाइनल में हारे

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टोक्यो भारतीय महिला हॉकी टीम को ब्रॉन्ज मेडल जीतने का सपना टूटा। ग्रेट ब्रिटेन की टीम ने भारत को 4-3 से हराया। चौथे और आखिरी क्वार्टर में ब्रिटेन ने चौथा गोल दागकर 4-3 की बढ़त बना ली, जो अंत तक कायम रहा। वहीं 20 किलो मीटर रेस वॉक प्रियंका चौधरी और भावना जाट मेडल जीतने में सफल नहीं हो पाई हैं। बजरंग पूनिया सेमीफाइनल मेंवहीं 65 किलो वेट में बजरंग पूनिया सेमीफाइनल में अजरबैजान के पहलवान हाजी अलीयेव से हार गए हैं, इससे पहले उन्होंने सेमीफाइनल में ईरान मोर्टेजा घियासी को हराया था। पूनिया ने ईरान के मोर्टेजा घियासी से पीछे चल रहे थे, उसके बाद उन्होंने वापसी करते हुए चित्त कर दिया। घियासी एशियाई चैंपियनशिप के ब्रॉन्ज मेडलिस्ट है। बजरंग ने प्री-क्वार्टर फाइनल में किर्गिस्तान के एर्नाजर अकमातालिवे को हराया। ईरान के मोर्टेजा ने पूर्व अफ्रीकी चैंपियन ट्यूनीशिया के हैथेम दखलौई को हराया। महिला...
ब्रॉन्ज मेडल से चूकीं भारत की बेटियां:हॉकी में ब्रिटेन ने कड़े मुकाबले में 4-3 से हराया, बढ़त मिलने के बाद उसे कायम नहीं रख सकी टीम इंडिया

ब्रॉन्ज मेडल से चूकीं भारत की बेटियां:हॉकी में ब्रिटेन ने कड़े मुकाबले में 4-3 से हराया, बढ़त मिलने के बाद उसे कायम नहीं रख सकी टीम इंडिया

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टोक्यो भारत की महिला हॉकी टीम का टोक्यो ओलंपिक में पदक जीतने का सपना टूट गया। ब्रॉन्ज मेडल मैच में ग्रेट ब्रिटेन ने भारत को 4-3 से हरा दिया। कड़े मुकाबले में भारतीय महिला टीम ने शानदार खेल दिखाया और दूसरे क्वार्टर में 3-2 की बढ़त बना ली थी। हालांकि, टीम इस बढ़त को कायम नहीं रख सकी और ब्रिटेन ने तीसरे और चौथे क्वार्टर में 15 मिनट के अंदर 2 गोल दाग 4-3 से मैच जीत लिया। टीम इंडिया ने इस पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया और पहली बार सेमीफाइनल में जगह बनाकर इतिहास रच दिया था। टीम इससे पहले सिर्फ 2 बार ओलिंपिक खेली है। 1980 में टीम टॉप-4 में पहुंची थी। उस वक्त सेमीफाइनल फॉर्मेट नहीं था। वहीं 2012 रियो ओलिंपिक में टीम 12वें स्थान पर रही थी। हार के बाद निराश भारतीय टीम। ब्रिटेन की खिलाड़ी भारतीय खिलाड़ी को सांत्वना देती हुई। PM मोदी ने हॉकी टीम की तारीफ कीप्रधानमंत्री...
कुश्ती में बजरंग सेमीफाइनल मुकाबला हारे:अजरबैजान के पहलवान पर लीड के बाद पूनिया ने पॉइंट गंवाए, अब ब्रॉन्ज के लिए खेलेंगे

कुश्ती में बजरंग सेमीफाइनल मुकाबला हारे:अजरबैजान के पहलवान पर लीड के बाद पूनिया ने पॉइंट गंवाए, अब ब्रॉन्ज के लिए खेलेंगे

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टोक्यो टोक्यो ओलिंपिक में भारत की ओर से मेडल के दावेदार पहलवान बजरंग पूनिया सेमीफाइनल मुकाबला हार गए हैं। अजरबैजान के हाजी अलीयेव ने उन्हें 12-5 से हराया। अलीयेव 57 किलोग्राम में रियो 2016 के ब्रॉन्ज मेडलिस्ट और 61 किलोग्राम में 3 बार के वर्ल्ड चैंपियन हैं। अब बजरंग पूनिया शनिवार को ब्रॉन्ज मेडल के लिए अखाड़े में उतरेंगे। शुरुआत में बढ़त बनाई, पर फिर लगातार पिछड़ते गएशुरुआती मिनट में ही बजरंग ने एक पॉइंट की बढ़त बना ली थी। लेकिन, अजरबैजान के पहलवान ने बजरंग पर उन्हीं का दांव लगा दिया। फीतले दांव की मदद से अजरबैजान के पहलवान ने बजरंग के खिलाफ कई पॉइंट बटोरे। 65 किलोग्राम वेट कैटेगरी के क्वार्टर फाइनल मैच में पूनिया ने एशियाई चैंपियनशिप के ब्रॉन्ज मेडलिस्ट ईरान के मोर्टेजा घियासी को हराकर जीत हासिल की थी। क्वार्टर फाइनल में की थी जबरदस्त वापसी, वैसा सेमी में नहीं कर पाए क्वार्टर ...
टोक्यो ओलिंपिक- खूब खेलीं लड़कियां:एक्साइटमेंट और नर्वसनेस में मोनिका मलिक के परिवार ने नहीं देखा मैच;टीम हारी तो भी बुलंद रखे हौसले, बोले-मजबूत हुई लड़कियां,मेडल अगली बार सही

टोक्यो ओलिंपिक- खूब खेलीं लड़कियां:एक्साइटमेंट और नर्वसनेस में मोनिका मलिक के परिवार ने नहीं देखा मैच;टीम हारी तो भी बुलंद रखे हौसले, बोले-मजबूत हुई लड़कियां,मेडल अगली बार सही

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चंडीगढ़ भारतीय महिला हॉकी का ग्रेट ब्रिटेन से मुकाबला था। पूरे देशवासियों के साथ-साथ खिलाड़ियों के परिवार को भी ब्रॉन्ज मेडल की पूरी आस थी। लेकिन मेडल नहीं आ पाया। देशवासियों के साथ-साथ परिजन भी मायूस तो हुए लेकिन हौसला नहीं टूटा। बोले, लड़कियों ने अच्छा परफॉर्म किया, मेडल न आने का दुख तो है लेकिन इसे ही खेल कहते हैं। अगली बार मेडल जरूर आएगा। उधर चंडीगढ़ में मोनिका मलिक के परिवार में सुबह से ही मीडिया ने अपना अड्‌डा बना लिया था। वह मीडिया से बात जरूर कर रहे थे लेकिन परिवार का कोई भी सदस्य एक्साइटमेंट और नर्वेसनेस के चलते मैच नहीं देख रहा था। मीडिया वालों से ही वह बीच-बीच में स्कोर पूछ लेते थे। दूसरे क्वार्टर में जब तब ब्रिटेन और भारत का स्कोर 2-1 रहा, सदस्यों के चेहरों पर थोड़ी मायूसी जरूर दिखी। लेकिन जैसे ही भारतीय टीम ने एक के बाद एक दो गोल किए और स्कोर 2-2 पर आ गया तो सभी के चेहरो...
41 साल से बेचैन थे ये गोल्ड मेडलिस्ट:1980 में गोल्ड जीतने वाली टीम के 3 खिलाड़ी दुनिया में नहीं रहे, बाकी बोले- जीते जी देश की कामयाबी देख सुकून मिला

41 साल से बेचैन थे ये गोल्ड मेडलिस्ट:1980 में गोल्ड जीतने वाली टीम के 3 खिलाड़ी दुनिया में नहीं रहे, बाकी बोले- जीते जी देश की कामयाबी देख सुकून मिला

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नई दिल्ली भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने टोक्यो में ब्रॉन्ज मेडल जीतकर इतिहास रच दिया है। टीम ने गुरुवार को ब्रॉन्ज मेडल के लिए खेले गए मैच में जर्मनी को 5-4 से हराया। एक समय मैच में भारत की पकड़ ढीली हो चुकी थी, भारतीय टीम 1-3 से पीछे थी, लेकिन इसके बाद शानदार वापसी करते हुए जीत हासिल की। भारत ने आखिरी बार 1980 में ओलिंपिक में मेडल जीता था। उस समय भारतीय टीम में शामिल रहे खिलाड़ियों का कहना है कि जीते-जी भारतीय हॉकी के स्वर्णिम युग की वापसी को देखकर अच्छा लग रहा है। हर ओलिंपिक को इस आस में देखते थे कि शायद इस बार टीम बेहतर करेगी, मेडल लाएगी और ओलिंपिक में मेडल का सूखा खत्म होगा। पर अब 41 साल बाद जाकर पोडियम फिनिश करने का सपना पूरा हो पाया। उस टीम के तीन सदस्य अब नहीं रहे। एमके कौशिक और रविंद्र पाल सिंह का देहांत इसी साल मई में कोरोना की वजह से हुआ। जबकि मोहम्मद शाहिद का 56 साल की उम्र ...
भारतीय हॉकी टीम ने इतिहास रचा:ओलिंपिक में 41 साल बाद भारत ने हॉकी में जीता मेडल, जर्मनी को 5-4 से हराकर ब्रॉन्ज अपने नाम किया

भारतीय हॉकी टीम ने इतिहास रचा:ओलिंपिक में 41 साल बाद भारत ने हॉकी में जीता मेडल, जर्मनी को 5-4 से हराकर ब्रॉन्ज अपने नाम किया

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टोक्यो भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने इतिहास रच दिया है। टीम ने 41 साल के सूखे को खत्म करते हुए भारत को हॉकी में ब्रॉन्ज मेडल दिलाया है। ओलिंपिक में भारत की हॉकी टीम को आखिरी पदक 1980 में मॉस्को में मिला था, जब वासुदेवन भास्करन की कप्तानी में टीम ने गोल्ड जीता था। टीम इंडिया ने ब्रॉन्ज मेडल मैच में जर्मनी को 5-4 से हरा दिया। दूसरे क्वार्टर में 3-1 से पिछड़ने के भारत ने जबरदस्त वापसी की और लगातार 4 गोल दागे। भारत के लिए सिमरनजीत सिंह ने 17वें और 34वें, हार्दिक सिंह ने 27वें, हरमनप्रीत सिंह ने 29वें और रुपिंदर पाल सिंह ने 31वें मिनट में गोल किया। हालांकि चौथे क्वार्टर में जर्मनी ने एक और गोल दागा और स्कोर 5-4 कर दिया था। इसके बाद भारतीय डिफेंस ने जर्मनी को कोई मौका नहीं दिया। जर्मनी के खिलाफ मैच के दौरान मनप्रीत चोटिल हो गए थे। भारतीय टीम मेडल डिजर्व करती हैजीत के बाद कप्तान मनप्री...
दीपक पूनिया ब्रॉन्ज मेडल मैच हारे, आखिरी 20 सेकेंड में मेडल हाथ से निकला; वर्ल्ड नंबर-1 विनेश फोगाट भी हारीं

दीपक पूनिया ब्रॉन्ज मेडल मैच हारे, आखिरी 20 सेकेंड में मेडल हाथ से निकला; वर्ल्ड नंबर-1 विनेश फोगाट भी हारीं

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टोक्यो टोक्यो ओलिंपिक में भारतीय पहलवान दीपक पूनिया 86 KG वेट कैटेगरी का ब्रॉन्ज मेडल मैच हार गए हैं। सैन मैरिनो के नाजेम मायलेस एमिने ने उन्हें 4-2 से हराया। 5 मिनट 40 सेकेंड तक दीपक 2-1 से आगे थे। लेकिन, इसके बाद नाजेम ने सिंगल लेग अटैक के जरिए दो पॉइंट जुटाकर उन्हें पीछे छोड़ दिया। भारतीय दल ने फैसले के खिलाफ अपील की जो उनके खिलाफ गई। इससे विरोधी पहलवान को 1 पॉइंट और मिल गया और उसने बाउट 4-2 से जीत ली। वहीं, रवि कुमार दहिया 57 KG वेट कैटेगरी के फाइनल में हार गए। उन्हें सिल्वर से संतोष करना पड़ा। इससे पहले महिला कुश्ती में भारत को बड़ा झटका लगा है। भारत की दिग्गज रेसलर और वर्ल्ड नंबर-1 विनेश फोगाट को 53 किलोग्राम वेट कैटेगरी के क्वार्टर फाइनल मैच में हार का सामना करना पड़ा। उन्हें बेलारूस की वेनेसा कालाजिंसकाया ने 9-3 से हराया। विनेश की ब्रॉन्ज जीतने की उम्मीद भी समाप्त हो गई है...
रुपिंदर और हरमनप्रीत ने ड्रैग फ्लिक से कई गोल दागे; हार्दिक, गुरजंत और मनदीप ने काउंटर अटैक से विपक्षी टीम को खूब परेशान किया

रुपिंदर और हरमनप्रीत ने ड्रैग फ्लिक से कई गोल दागे; हार्दिक, गुरजंत और मनदीप ने काउंटर अटैक से विपक्षी टीम को खूब परेशान किया

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टोक्यो भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने ब्रॉन्ज मेडल के मैच में जर्मनी को 5-4 से हरा दिया। 3-1 से पिछड़ने के बाद टीम इंडिया ने शानदार वापसी की और मैच 5-4 से अपने नाम कर लिया। इस ऐतिहासिक जीत से भारत ने 1980 ओलिंपिक के बाद पहला मेडल अपने नाम किया। 41 साल पहले वासुदेवन भास्करन की टीम ने गोल्ड मेडल जीता था। इस जीत से दुनिया में भारतीय हॉकी की गूंज एक बार फिर गूंजने लगी है। लोगों का मानना है कि हॉकी का गोल्डन एरा लौटने वाला है। ऐसे में हम आपको जीत के उन हीरोज के बारे में बता रहे हैं, जिन्होंने अपने दम पर भारतीय हॉकी के उदय में मदद की है। आप भी टीम इंडिया के इन हीरो से मिलिए... 1. मनप्रीत सिंह (कप्तान) 29 साल के मनप्रीत सिंह टीम इंडिया के कप्तान हैं। वे एक बेहतरीन मिडफील्डर होने के साथ-साथ एक शानदार प्लेमेकर भी हैं। पास निकालना और सही खिलाड़ी स्पॉट करना उनकी खासियत है। मनप्रीत ने 1...
इंग्लैंड पहली पारी में 183 रन पर ऑलआउट, जसप्रीत बुमराह ने 4 विकेट लिए; पहले दिन स्टंप्स तक भारत 21/0

इंग्लैंड पहली पारी में 183 रन पर ऑलआउट, जसप्रीत बुमराह ने 4 विकेट लिए; पहले दिन स्टंप्स तक भारत 21/0

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ट्रेंट ब्रिज भारत के खिलाफ पहले टेस्ट मैच के पहले दिन इंग्लैंड की टीम पहली पारी में 183 रन के स्कोर पर ऑलआउट हो गई। टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए इंग्लैंड की ओर से कप्तान जो रूट ने सबसे ज्यादा 64 रन बनाए। भारत की ओर से तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने सबसे ज्यादा 4 विकेट लिए। मोहम्मद शमी ने 3, शार्दूल ठाकुर ने 2 और मोहम्मद सिराज ने 1 विकेट लिया। जवाब में टीम इंडिया ने पहले दिन के स्टंप्स तक बिना विकेट खोए 21 रन बना लिए हैं। रोहित शर्मा और लोकेश राहुल 9-9 रन बनाकर नॉट आउट रहे। भारतीय टीम अभी इंग्लैंड से 162 रन पीछे है। इंग्लैंड के चार बल्लेबाज शून्य पर आउट हुए हैं। यह दूसरा मौका है जब टेस्ट क्रिकेट में इंग्लैंड के चार बल्लेबाज एक पारी में शून्य पर आउट हुए हैं। इससे पहले इसी साल अहमदाबाद में खेले गए टेस्ट मैच के दौरान भी ऐसा हुआ था। शून्य पर इंग्लैंड का पहला विकेट गिरा। तेज गेंदबाज...
सुशील दोषी ने कहा- बदले हुए बुमराह ने इंग्लैंड की पारी को ध्वस्त किया, अंग्रेजों की गेंदबाजी में भी नहीं दिखी धार

सुशील दोषी ने कहा- बदले हुए बुमराह ने इंग्लैंड की पारी को ध्वस्त किया, अंग्रेजों की गेंदबाजी में भी नहीं दिखी धार

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नई दिल्ली टीम इंडिया ने इंग्लैंड के खिलाफ 5 टेस्ट मैचों की सीरीज के पहले मुकाबले के पहले दिन जोरदार प्रदर्शन किया। तेज गेंदबाजों की धारदार गेंदबाजी की बदौलत भारत ने इंग्लैंड की पहली पारी सिर्फ 183 रनों पर समेट दी। इसके बाद भारत ने रोहित शर्मा और लोकेश राहुल की संयम भरी बल्लेबाजी की बदौलत स्टंप्स तक बिना विकेट खोए 21 रन बना लिए। दिग्गज कमेंटेटर सुशील दोषी का मानना है कि भारतीय टीम ने मैच का कंट्रोल पहले दिन ही अपने हाथ में ले लिया है। उन्होंने कहा कि जिस तरह जसप्रीत बुमराह ने अपनी गेंदबाजी में सुधार किया, उससे भारत को काफी फायदा मिला। दोषी ने पहले दिन के खेल का विश्लेषण खास अंदाज में किया है जिसे आप इस पॉडकास्ट में सुन सकते हैं। जानिए उन्होंने इंग्लैंड की बल्लेबाजी और भारतीय गेंदबाजी के बारे में और क्या कहा... रूट ने किला लड़ाने की कोशिश की, लेकिन कामयाब नहीं हुएसुशील दोषी ने कहा क...